facebookmetapixel
Advertisement
Bharat PET IPO: ₹760 करोड़ जुटाने की तैयारी, सेबी में DRHP फाइल; जुटाई रकम का क्या करेगी कंपनीतेल, रुपये और यील्ड का दबाव: पश्चिम एशिया संकट से बढ़ी अस्थिरता, लंबी अनिश्चितता के संकेतवैश्विक चुनातियों के बावजूद भारतीय ऑफिस मार्केट ने पकड़ी रफ्तार, पहली तिमाही में 15% इजाफाJio IPO: DRHP दाखिल करने की तैयारी तेज, OFS के जरिए 2.5% हिस्सेदारी बिकने की संभावनाडेटा सेंटर कारोबार में अदाणी का बड़ा दांव, Meta और Google से बातचीतभारत में माइक्रो ड्रामा बाजार का तेजी से विस्तार, 2030 तक 4.5 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमानआध्यात्मिक पर्यटन में भारत सबसे आगे, एशिया में भारतीय यात्रियों की रुचि सबसे अधिकबांग्लादेश: चुनौतियों के बीच आजादी का जश्न, अर्थव्यवस्था और महंगाई बनी बड़ी चुनौतीपश्चिम एशिया संकट के बीच भारत सतर्क, रणनीतिक तेल भंडार विस्तार प्रक्रिया तेजGST कटौती से बढ़ी मांग, ऑटो और ट्रैक्टर बिक्री में उछाल: सीतारमण

Gold Price Outlook: क्या अभी और सस्ता होगा सोना? एक्सपर्ट्स से समझें अगले हफ्ते कैसी रहेगी सोने की चाल

Advertisement

पिछले सप्ताह MCX पर अक्टूबर कॉन्ट्रैक्ट के लिए सबसे अधिक कारोबार वाले सोने के वायदा भाव में 1,648 रुपये प्रति 10 ग्राम या लगभग 2 प्रतिशत की गिरावट आई।

Last Updated- August 17, 2025 | 7:07 PM IST
Gold and Silver Price

Gold Price Outlook: सोने की कीमतों में आने वाले सप्ताह में स्थिरता का दौर देखने को मिल सकता है क्योंकि व्यापारी वैश्विक आर्थिक संकेतकों, केंद्रीय बैंकों से मिले रुझान और बदलती भू-राजनीतिक परिस्थितियों को ध्यान में रखेंगे। विश्लेषकों ने यह राय जताई। इसके अलावा, ट्रेडर्स अमेरिका के हाउसिंग आंकड़ों, ब्रिटेन और यूरोप के महंगाई के आकंड़ों और प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं से प्रारंभिक PMI डेटा पर नजर रखेंगे। साथ ही, निवेशक यूरोपीय सेंट्रल बैंक की अध्यक्ष क्रिस्टीन लेगार्ड के भाषण और फेडरल रिजर्व के अध्यक्ष जेरोम पॉवेल की टिप्पणियों पर भी बारीकी से नजर रखेंगे, जो सोने की कीमतों की व्यापक दिशा के बारे में और जानकारी प्रदान करेंगी।

Also Read: इस त्योहारी सीजन EVs की धूम, Tata, Maruti, BMW से लेकर… Hyundai तक लॉन्च करेंगी नए मॉडल

सोने की कीमतों में गिरावट की संभावना

जेएम फाइनेंशियल सर्विसेज के उपाध्यक्ष (ईबीजी – कमोडिटी एवं करेंसी रिसर्च) प्रणव मेर ने कहा, “आने वाले सप्ताह में सोने की कीमतों में कुछ सुधार देखने को मिल सकता है, क्योंकि अब ध्यान अमेरिका के आने वाले मैक्रोइकॉनॉमिक आंकड़ों और अगले महीने होने वाली फेडरल रिजर्व की बैठक पर है, जिसमें ब्याज दरों में कटौती पर विशेष ध्यान रहेगा।” प्रणव मेर ने बताया कि अमेरिका और चीन के बीच व्यापार वार्ता को अगले 90 दिन के लिए बढ़ाने के समझौते के बाद सुरक्षित निवेश (safe-haven) की मांग कम हो गई है।

इस बीच, अमेरिका और रूस के बीच यूक्रेन में युद्ध को समाप्त करने के लिए हुई वार्ता में कुछ प्रगति हुई, लेकिन यह किसी निष्कर्ष के बिना समाप्त हो गई।

मेर के अनुसार, अमेरिका के कमजोर मैक्रोइकॉनॉमिक आंकड़ों ने आर्थिक गतिविधियों में मंदी को उजागर किया है, लेकिन मजबूत निर्माता और आयातक मूल्य डेटा ने महंगाई की चिंताओं को जिंदा रखा है, जिससे फेड के अधिकारियों में ब्याज दरों में कटौती के समय को लेकर मतभेद हैं।

पिछले सप्ताह मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर अक्टूबर कॉन्ट्रैक्ट के लिए सबसे अधिक कारोबार वाले सोने के वायदा भाव में 1,648 रुपये प्रति 10 ग्राम या लगभग 2 प्रतिशत की गिरावट आई।

Also Read: SEBI मार्जिन ट्रेडिंग, एंजल फंड्स, REITs और म्युचुअल फंड नियमों की समीक्षा पर कर रहा काम

अमेरिका में सोने के आयात पर नहीं लगेगा टैरिफ

एंजेल वन में डीवीपी-रिसर्च, नॉन-एग्री कमोडिटीज और करेंसीज प्रथमेश माल्या ने कहा कि पिछले सप्ताह MCX पर वायदा भाव लगभग 2 प्रतिशत गिर जाने के कारण सोने की कीमतों में गिरावट आई।

उन्होंने आगे कहा कि “अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप द्वारा यह स्पष्ट किए जाने के बाद कि अमेरिका में सोने के आयात पर शुल्क नहीं लगेगा, कीमतें 1,02,000 रुपये के उच्चतम स्तर से गिरकर 1,00,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के निम्नतम स्तर पर आ गईं, जिससे कीमती धातु की तेजी पर खतरा मंडरा रहा है।”

Advertisement
First Published - August 17, 2025 | 6:57 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement