Anthropic के नए टूल से टेक कंपनियों में मची खलबली, औंधे मुंह गिरे आईटी शेयरअगले 20-25 वर्षों में भारत बनेगा दुनिया की सबसे प्रभावशाली आर्थिक ताकत: ब्लैकरॉक प्रमुख लैरी फिंकCCI ने दिए इंडिगो के ​खिलाफ जांच के आदेश, उड़ानें रद्द कर बाजार में प्रभुत्व का संभावित दुरुपयोगचुनौतियां अब बन रहीं अवसर, भारत-अमेरिका ट्रेड डील से विदेशी निवेश को बढ़ावा मिलने की उम्मीदEditorial: ऑपरेशन सिंदूर का असर, रक्षा बजट में बढ़ोतरीजब व्यावसायिक हितों से टकराती है प्रवर्तन शक्ति, बाजार का भरोसा कमजोर होता हैसहनशीलता ने दिया फल: ट्रंप के साथ भारत की लंबी रणनीति रंग लाईBajaj Finance Q3FY26 Results: मुनाफा घटा, ब्रोकरेज की राय बंटी, शेयर के लिए टारगेट प्राइस में बदलावNMDC Q3FY26 Results: रेवेन्यू 16% बढ़कर ₹7,610 करोड़; उत्पादन और बिक्री में बढ़ोतरी जारीभारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद रुपया कमजोर, डॉलर के मुकाबले 11 पैसे गिरकर 90.43 पर बंद
अन्य समाचार तालिबान नेता बरादर को तुर्की या सउदी अरब भेज सकता है पाकिस्तान
'

तालिबान नेता बरादर को तुर्की या सउदी अरब भेज सकता है पाकिस्तान

PTI

- September,09 2013 11:43 AM IST

इस्लामाबाद, 9 सितंबर :भाषा: अफगानिस्तान के साथ सुलह सहमति की प्रक्रिया के प्रयासों के तहत, अफगानिस्तान तालिबान के पूर्व उप कमांडर मुल्ला अब्दुल गनी बरादर को पाकिस्तान, सउदी अरब या तुर्की भेज सकता है।

बरादर को वर्ष 2010 में कराची में गिरफ्तार किया गया था और तब से ही काबुल उसकी रिहाई की मांग कर रहा है।

राष्ट्रपति हामिद करजई सरकार की उच्च शांति परिषद के साथ शांति वार्ता की बरादर अगुवाई कर सकता है।

प्रमुख अखबार एक्सप्रेस ट्रिब्यून की एक खबर में एक वरिष्ठ अनाम अधिकारी को यह कहते हुए उद्धृत किया गया है कि पिछले दो माह से अधिक समय से इस्लामाबाद, काबुल और वाशिंगटन के बीच बरादर को लेकर चर्चा हुई है।

बरादर को कभी मुल्ला मोहम्मद उमर के बाद तालिबान का सर्वाधिक प्रभावी नेता माना जाता था।

अधिकारी ने बताया कि इस मामले में चर्चा जारी है और तीनों देश उसे :बरादर को: अन्य देश भेजने के लिए तौर तरीकों पर काम कर रहे हैं।

खबर में कहा गया है कि प्रस्ताव के तहत बरादर को सउदी अरब या तुर्की भेजा जा सकता है।

अखबार में अधिकारी को यह कहते हुए उद्धृत किया गया है अगर सब कुछ योजना के मुताबिक हुआ, तो बरादर को न केवल दूसरे देश भेजा जाएगा बल्कि वह अफगान सरकार और अमेरिका के साथ वार्ता में मदद भी कर सकता है।

जारी भाषा

नननन

संबंधित पोस्ट