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जोरदार रफ्तार के बाद खुदरा मांग में सुस्ती के आसार

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खुदरा उद्योग में पिछले वित्त वर्ष की अधिकांश अवधि के दौरान दमदार राजस्व वृद्धि नजर आई थी

Last Updated- April 19, 2023 | 9:38 AM IST
Retail industry

खुदरा उद्योग में पिछले वित्त वर्ष की अधिकांश अवधि के दौरान दमदार राजस्व वृद्धि नजर आई थी, लेकिन मांग में नरमी के संकेत दिखने शुरू हो गए हैं, जो वित्त वर्ष की जनवरी-मार्च तिमाही (चौथी तिमाही) में नजर आए हैं। खास तौर पर परिधान और इनरवियर खंड में ऐसा है। अलबत्ता आभूषण खंड इस तिमाही में मांग बनाए रखने में कामयाब रहा है।

सिस्टमेटिक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने इस क्षेत्र के अपनी समीक्षा में पाया है कि वैकल्पिक व्यय क्षेत्र में शहरी बाजारों में मांग में नरमी से क्विक सर्विस रेस्तरां और परिधान श्रेणियों पर सबसे ज्यादा असर पड़ने की उम्मीद है, जबकि पेंट, लगेज और आभूषण श्रेणियों में लचीली वृद्धि दिखनी चाहिए।

अपनी तिमाही रिपोर्ट में टाइटन कंपनी ने कहा कि वित्त वर्ष 23 की चौथी तिमाही में उसका राजस्व सालाना आधार पर 25 प्रतिशत बढ़ा है, जिसे घड़ियों और वियरेबल तथा उभरते कारोबारों से हिस्सेदारी में अधिक वृद्धि से सहायता मिली है। साथ ही इसके आभूषण अनुभाग में सालाना आधार पर 23 प्रतिशत का इजाफा हुआ है।

इसने कहा कि वित्त वर्ष 22 की चौथी तिमाही की आधार तिमाही ने ओमिक्रोन लहर के दौरान आंशिक लॉकडाउन के प्रतिकूल प्रभाव और रूस-यूक्रेन युद्ध की शुरुआत की वजह से नाजुक भू-राजनीतिक हालात के कारण कमजोर उपभोक्ता भावना पेश की।

आभूषण कारोबार के प्रदर्शन की अगुआई काफी हद तक खरीदारों के इजाफे के कारण हुई, जिसमें औसत वृद्धि के साथ-साथ नए और बार-बार खरीदारी करने वाले दोनों खरीदार शामिल रहे।

आईसीआईसीआईडायरेक्ट ने भी खुदरा क्षेत्र के संबंध में परिणामों की अपनी समीक्षा के नोट में इस बात पर ध्यान दिया है। इसने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि जनवरी-फरवरी के दौरान लाइफस्टाइल खंड की मांग घटनी शुरू हो गई थी क्योंकि वैकल्पिक खर्च की अचानक बढ़ी मांग कम हो गई।

ब्रोकर ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि इसके अलावा, अधिक मुद्रास्फीति के कारण वैकल्पिक खर्च के मामले में उपभोक्ताओं की हिस्सेदारी में गिरावट (मुख्य रूप से बड़े शहरों के इतर अन्य शहरों में) आई है। हमें उम्मीद है कि टाइटन, ट्रेंट नेटवर्क विस्तार में निरंतर रफ्तार की वजह से मौजूदा रुझान को कम कर देंगी।

ब्रोकरेज ने यह भी कहा कि वी-मार्ट और पैंटालूंस (आदित्य बिड़ला फैशन ऐंड रिटेल – एबीएफआरएल की ओर से) में नरम प्रदर्शन के आसार से वैल्यू फैशन सबसे अधिक प्रभावित रहने वाला खंड बना हुआ है।

आईसीआईसीआईडायरेक्ट को उम्मीद है कि उसकी खुदरा कवरेज वाला क्षेत्र वित्त वर्ष 2023 की चौथी तिमाही में 21 प्रतिशत की राजस्व वृद्धि (तिमाही आधार पर 14 प्रतिशत कम) दर्ज करेगा। उसे यही भी आशंका है कि एबिटा दबाव में रहगे, खास तौर पर जोरदार रूप से स्टोर खोलने और मार्केटिंग व्यय में निवेश के कारण अधिक व्यय की वजह से।

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First Published - April 19, 2023 | 9:31 AM IST

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