facebookmetapixel
दुनिया में उथल-पुथल के बीच भारत की अर्थव्यवस्था के क्या हाल हैं? रिपोर्ट में बड़ा संकेत30% टूट चुका Realty Stock बदलेगा करवट, 8 ब्रोकरेज का दावा – ₹1,000 के जाएगा पार; कर्ज फ्री हुई कंपनीसिर्फ शेयरों में पैसा लगाया? HDFC MF की रिपोर्ट दे रही है चेतावनीIndia manufacturing PMI: जनवरी में आर्थिक गतिविधियों में सुधार, निर्माण और सर्विस दोनों सेक्टर मजबूतसोना, शेयर, बिटकॉइन: 2025 में कौन बना हीरो, कौन हुआ फेल, जानें हर बातट्रंप ने JP Morgan पर किया 5 अरब डॉलर का मुकदमा, राजनीतिक वजह से खाते बंद करने का आरोपShadowfax Technologies IPO का अलॉटमेंट आज होगा फाइनल, फटाफट चेक करें स्टेटसGold and Silver Price Today: सोना-चांदी में टूटे सारे रिकॉर्ड, सोने के भाव ₹1.59 लाख के पारSilver के बाद अब Copper की बारी? कमोडिटी मार्केट की अगली बड़ी कहानीAI विश्व शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे स्पेन के 80 विश्वविद्यालयों के रेक्टर

SBI New FD rates 2025: 1, 2 साल की FD पर कम हुआ ब्याज, समझें ₹5 लाख के डिपॉजिट पर कितना घटा मुनाफा

SBI New FD rates 2025: देश के सबसे बड़े बैंक SBI ने भी अपनी चुनिंदा मैच्योरिटी (1 और 2 साल) वाली FDs पर ब्याज दरें घटाई हैं। इससे अब ग्राहकों को पहले से कम मुनाफा होगा।

Last Updated- April 18, 2025 | 1:31 PM IST
SBI FD rates
Representational Image

SBI New FD rates 2025: रि​जर्व बैंक (RBI) की ओर से कर्ज सस्ता किये जाने के बाद बैंकों ने भी लोन की ब्याज दरें कम करनी शुरू कर दी हैं। साथ ही साथ बैंकों ने जमा (FDs) पर भी ब्याज घटाना शुरू किया है। देश के सबसे बड़े बैंक SBI ने भी अपनी चुनिंदा मैच्योरिटी (1 और 2 साल) वाली FDs पर ब्याज दरें घटाई हैं। इससे अब ग्राहकों को पहले से कम मुनाफा होगा। आइए एक कैलकुलेशन (SBI FD rate calculations) से समझते हैं कि अगर कोई 5 लाख रुपये की FD कराता है, तो नई ब्याज दरें लागू होने के बाद उसकी ब्याज से कमाई कितनी कम हो जाएगी।

SBI New FD Rates: कितना कम हुआ ब्याज

SBI की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, बैंक ने अपनी निश्चित जमा (FD) दरों में भी 0.10% की कटौती की है। नई दरों के मुताबिक, अब एक साल से लेकर 2 साल के कम की FD पर SBI 6.7% ब्याज देगा, जो पहले 6.80% था। इसके अलावा, दो से लेकर तीन साल से कम की अवधि वाली FD पर ब्याज दर 7% से घटकर 6.9% हो गई है। वरिष्ठ नागरिकों के लिए भी एफडी दरें घटाई गई हैं। 1-2 साल की अवधि पर उन्हें अब 7.20% और 2-3 साल की अवधि पर 7.4% ब्याज मिलेगा। नई दरें 15 अप्रैल 2025 से लागू हो गई हैं।

SBI: 1 साल के लिए ₹5 लाख FD पर ब्‍याज

रेगुलर कस्टमर के लिए SBI की 1 साल की मैच्‍योरिटी वाली डिपॉजिट पर ब्‍याज दरें 6.80 फीसदी से घटकर 6.7 फीसदी पर आ गई है। अगर कोई व्य​क्ति 5 लाख रुपये 1 साल के जमा कराता है, तो मैच्‍योरिटी पर उसे 5,34,351 रुपये मिलेंगे. यानी, ब्‍याज से 34,351 रुपये की फिक्‍स्‍ड इनकम होगी. जबकि, 5 लाख के डिपॉजिट पर पुरानी ब्याज दर पर यह अमाउंट 5,34,876 रुपये बनता है। इस तरह, अब ब्याज से 525 रुपये की कम आय होगी।

सीनियर सिटीजन की बात करें, तो 1 साल की मैच्‍योरिटी वाली डिपॉजिट पर ब्‍याज दरें 7.30 फीसदी से घटकर 7.20 फीसदी पर आ गई है। अगर कोई सीनियर सिटीजन​ 5 लाख रुपये 1 साल के जमा कराता है, तो मैच्‍योरिटी पर उसे 5,36,983 रुपये मिलेंगे. यानी, ब्‍याज से 36,983 रुपये की फिक्‍स्‍ड इनकम होगी. जबकि, 5 लाख के डिपॉजिट पर पुरानी ब्याज दर पर यह अमाउंट 5,37,511 रुपये बनता है। इस तरह, अब ब्याज से 528 रुपये की कम आय होगी।

SBI: 2 साल के लिए ₹5 लाख FD पर ब्‍याज

रेगुलर कस्टमर के लिए SBI की 2 साल की मैच्‍योरिटी वाली डिपॉजिट पर ब्‍याज दरें 7.00 फीसदी से घटकर 6.90 फीसदी पर आ गई है। अगर कोई व्य​क्ति 5 लाख रुपये 2 साल के जमा कराता है, तो मैच्‍योरिटी पर उसे 5,73,312 रुपये मिलेंगे. यानी, ब्‍याज से 73,312 रुपये की फिक्‍स्‍ड इनकम होगी. जबकि, 5 लाख के डिपॉजिट पर पुरानी ब्याज दर पर यह अमाउंट 5,74,440 रुपये बनता है। इस तरह, अब ब्याज से 1,128 रुपये की कम आय होगी।

सीनियर सिटीजन की बात करें, तो 2 साल की मैच्‍योरिटी वाली डिपॉजिट पर ब्‍याज दरें 7.50 फीसदी से घटकर 7.40 फीसदी पर आ गई है। अगर कोई सीनियर सिटीजन​ 5 लाख रुपये 2 साल के जमा कराता है, तो मैच्‍योरिटी पर उसे 5,78,972 रुपये मिलेंगे. यानी, ब्‍याज से 78,972 रुपये की फिक्‍स्‍ड इनकम होगी. जबकि, 5 लाख के डिपॉजिट पर पुरानी ब्याज दर पर यह अमाउंट 5,80,110 रुपये बनता है। इस तरह, अब ब्याज से 1,138 रुपये की कम आय होगी।

Bank FDs: क्या कहते हैं एक्सपर्ट

पर्सनल CFO कंसल्टेंट्स के CEO सुशील जैन कहते हैं, जो निवेशक कम जोखिम के साथ अच्छी ब्याज दर पर रिटर्न पाना चाहते हैं तो बैंक एफडी को उन्हें अपने पोर्टफोलियो में रखना चाहिए। निवेशकों को FD में निवेश करने से पहले “प्रीमैच्योर विड्रॉल” यानी समय से पहले पैसे निकालने की शर्तों को जरूर जान लेना चाहिए। ऐसा इसलिए क्योंकि प्रीमैच्योर विड्रॉल पर बैंक पेनल्टी भी लगा सकता है। इसके अलावा, बैंक ब्याज का भुगतान संचयी (Cumulative) या गैर-संचयी (Non-Cumulative) आधार पर कर रहा है, इसकी भी जानकारी लेना जरूरी है।

सुशील जैन कहते हैं, बैंक में डिपॉजिटि से पहले बैंक के ट्रैक रिकॉर्ड्स की पड़ताल कर लेनी चाहिए। इससे बैंक की विश्वसनीयता का पता है। एफडी की “एक्सेसिबिलिटी” यानी जरूरत पड़ने पर पैसे निकालने की प्रक्रिया आसान होनी चाहिए। जब भी बैंक में एफडी कराने जाए तो अलग-अलग बैंकों की ब्याज दरों तुलना जरूर कर लें। ताकि आप अच्छा ब्याज कमा सके।

बता दें, 5 साल की FDs पर इनकम टैक्‍स सेक्‍शन 80C के अंतर्गत 1.5 लाख तक डिडक्‍शन क्‍लेम कर सकते हैं. 5 साल की टैक्‍स सेवर FD का फायदा सभी ग्राहकों को मिलता है. यह भी जान लें कि FDs पर मिलने वाला ब्‍याज टैक्‍सेबल होता है.

(नोट: ब्‍याज दरों की डीटेल SBI की ऑफिशियल वेबसाइट से ली गई है. ब्‍याज दरें 3 करोड़ से कम के डिपॉजिट पर 15 अप्रैल 2025 से प्रभावी हैं.)

First Published - April 18, 2025 | 12:48 PM IST

संबंधित पोस्ट