facebookmetapixel
FPIs ने भारतीय बाजार से जनवरी में निकाले ₹36,000 करोड़, STT बढ़ोतरी से आगे भी दबाव की आशंकाBudget 2026: इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण के लिए ₹40,000 करोड़ का फंड, सेमीकंडक्टर हब बनेगा भारतGold-Silver Price Crash: चांदी 4 दिन में ₹2 लाख तक टूटी! सोना भी 24% फिसला; आगे क्या फिर चमकेगा?₹400 के पार जाएगा NTPC? तीन ब्रोकरेज ने दी BUY की सलाहडिविडेंड और म्युचुअल फंड इनकम पर ब्याज कटौती खत्म, कैसे बढ़ेगा आपका टैक्स बोझ? ₹1 लाख के कैलकुलेशन से समझेंसरकार की रणनीति समझिए, बजट में छिपा है बड़ा संदेशक्या प्रदूषण से हो रही मौतों को स्वीकार करने से बच रही सरकार? दो सरकारी विभागों में ही इसपर बड़ा विरोधाभासBank Stocks: SBI, BOB, Indian Bank क्यों टूटे? 2 दिन में 8% की बड़ी गिरावटUnion Budget 2026 Decoded: निरंतरता या बदलाव?‘सोना-चांदी-बिटकॉइन की गिरती कीमतें एक बड़ा मौका’, रॉबर्ट कियोसाकी ने निवेशकों से ऐसा क्यों कहा?

Adani Group के शेयरों में हो रही गिरावट एक सामान्य प्रक्रिया: शेखावत

Last Updated- February 05, 2023 | 6:43 PM IST
Adani Power

अदाणी ग्रुप के शेयरों में पिछले कुछ दिनों से निरंतर हो रही गिरावट को केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने एक सामान्य प्रक्रिया बताते हुए रविवार को कहा कि एक निजी कंपनी के शेयर का भारत की अर्थव्यवस्था पर शायद ही कोई लेना-देना होता होगा।

शेखावत ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में अदाणी प्रकरण का भारतीय अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाले प्रभाव के बारे में पूछने पर कहा, ‘‘मुझे लगता है कि एक निजी कंपनी के शेयर का भारत की अर्थव्यवस्था पर शायद ही कोई लेना-देना होता होगा। पहले भी कंपनी के शेयर में उतार-चढ़ाव होता रहा है।’’

उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि इसके शेयरों में आ रही गिरावट बाजार की एक सामान्य प्रक्रिया है।’

अमेरिकी फर्म हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट में अदाणी समूह पर अपने शेयरों के दाम गलत तरीके से बढ़ाने के आरोप लगाए जाने के बाद शेयरों की कीमतों में बड़ी गिरावट आई है। पिछले दस दिनों में अडाणी समूह का बाजार पूंजीकरण 100 अरब डॉलर से भी अधिक गिर चुका है।

हालांकि अदाणी समूह ने इन आरोपों को झूठा बताते हुए कहा है कि उसने सभी कानूनों और नियामकीय प्रावधानों का पालन किया है।

इस बीच, शेखावत ने एक फरवरी को पेश वित्त वर्ष 2023-24 के बजट की तारीफ करते हुए इसे विकसित भारत की आधारशिला रखने वाला बजट बताया।

उन्होंने कहा, ‘‘वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2023-24 का सर्वस्पर्शी और सर्वसमावेशी बजट प्रस्तुत किया है। अमृतकाल का यह पहला बजट भारत को ‘विकसित भारत’ बनाने की आधारशिला रखने वाला बजट है। 25 साल बाद भारत जब अपनी आजादी का शताब्दी वर्ष मनाएगा, तब तक भारत जो विकसित राष्ट्र बनेगा, उस लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में यह बजट मील का पत्थर होगा।’’

शेखावत ने कहा कि कोविड महामारी के कारण दुनिया के सभी देशों की अर्थव्यवस्था कमजोर हुई है। लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरगामी दृष्टिकोण का परिणाम है कि भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ी है और भारत दुनिया की पांचवीं बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है।

उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र में मध्यप्रदेश ने अभूतपूर्व विकास किया है। हमारे किसानों की मेहनत का परिणाम है कि हम आज दुनिया के 10 सबसे बड़े निर्यातक बन गये हैं।

First Published - February 5, 2023 | 6:43 PM IST

संबंधित पोस्ट