Stock Market Closing Bell, 14 November: वैश्विक बाजारों में गिरावट के बावजूद भारतीय शेयर बाजार हफ्ते के अंतिम ट्रेडिंग सेशन यानी शुक्रवार (14 नवंबर) को हरे निशान में बंद होने में कामयाब रहे। आईटी शेयरों में बिकवाली के चलते बाजार कारोबार के दौरान ज्यादातर समय लाल निशान में ही रहा। लेकिन बिहार चुनावों में एनडीए को बढ़त की वजह से बाजार चढ़कर बंद हुआ।
तीस शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) 400 से ज्यादा अंक की गिरावट लेकर 84,060 पर खुला। कारोबार के दौरान यह 84,029 अंक तक फिसल गया था। अंत में यह 84.11 अंक या 0.10 फीसदी की बढ़त के साथ 84,562.78 पर बंद हुआ। बीएसई सेंसेक्स दिन के निचले स्तर 84,029.32 से 533.46 अंक ऊपर चढ़ा।
इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) भी गिरावट के साथ 25,767.90 पर खुला। कारोबार के दौरान यह 30.90 अंक या 0.12 फीसदी की बढ़त लेकर 25,910 अंक पर बंद हुआ।
कोटक सिक्योरिटीज के इक्विटी रिसर्च प्रमुख श्रीकांत चौहान ने कहा, ”इस सप्ताह वैश्विक इक्विटी बाजार ज्यादातर सकारात्मक रहे और भारतीय शेयर बाजारों ने भी ठीक-ठाक साप्ताहिक रिटर्न दिए। बीएसई 30 इंडेक्स और एनएसई 50 इंडेक्स इस सप्ताह करीब 1 प्रतिशत चढ़े। मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स भी सकारात्मक रहे। लेकिन बड़े इंडेक्स की तुलना में कमजोर प्रदर्शन किया। सेक्टोरल मोर्चे पर ज्यादातर सेक्टर हल्की बढ़त के साथ सप्ताह को समाप्त करने में सफल रहे। जबकि किसी भी सेक्टर में विशेष तेजी या गिरावट नहीं दिखी। बीएसई आईटी और बीएसई कैपिटल गुड्स इंडेक्स ने बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि बीएसई रियल्टी, बीएसई एफएमसीजी और बीएसई कमोडिटीज इंडेक्स कमजोर रहे।”
उन्होंने कहा, ”अक्टूबर की सीपीआई महंगाई दर घटकर 0.25 प्रतिशत पर आ गई। इसका मुख्य कारण खाद्य वस्तुओं में जारी गिरावट और विभिन्न सेक्टरों में जीएसटी दरों में कमी का प्रभाव रहा। भारतीय बाजारों में स्टॉक केंद्रित हलचल जारी रही, जो दुसरती तिमाही के नतीजों और कंपनियों की मैनेजमेंट कमेंट्री पर आधारित थी।”
सेंसेक्स की कंपनियों में इटरनल, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, ट्रेंट लिमीटेड, एक्सिस बैंक, स्टेट बैंक, बजाज फाइनेंस, सन फार्मा, एशियन पेंट्स के शेयर प्रमुख रूप से लाभ में रहे। दूसरी तरफ, इंफोसिस, टाटा स्टील और टीएमपीवी के शेयर लाल निशान में बंद हुए।
ब्रोडर बाजार भी बढ़त के साथ बंद हुए। निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 0.38 फीसदी, जबकि निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 0.08 फीसदी बढ़ा। सेक्टोरल मोर्चे पर निफ्टी पीएसयू बैंक सबसे ज्यादा लाभ में रहा। फार्मा और एफएमसीजी क्रमशः 0.59 प्रतिशत और 0.57 प्रतिशत चढ़कर बंद हुए। दूसरी तरफ, निफ्टी आईटी 1.03 प्रतिशत गिरकर बंद हुआ।
वॉल स्ट्रीट की कमजोरी के चलते एशियाई बाजारों में गिरावट देखने को मिली। टेक्नोलॉजी शेयरों पर नए सिरे से दबाव बढ़ा और फेडरल रिजर्व की संभावित दर कटौती को लेकर अनिश्चितता बनी रही। जापान का निक्केई 225 इंडेक्स 1.5 प्रतिशत नीचे था। दक्षिण कोरिया का KOSPI 2.03 प्रतिशत गिरा और हांगकांग का हैंग सेंग 1.23 प्रतिशत नीचे था।
अमेरिकी शेयर बाजार गुरुवार को बड़ी गिरावट के साथ बंद हुए। एआई से जुड़े शेयरों में गिरावट ने बाज़ार पर दबाव बढ़ा दिया और वैल्यूएशन को लेकर चिंताएं बनी रहीं। S&P 500 में 1.7 प्रतिशत की गिरावट आई। नैस्डैक कम्पोज़िट 2.3 प्रतिशत टूटा और डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 1.7 प्रतिशत गिरा।