कोफोर्ज द्वारा अमेरिकी कंपनी एनकोरा के 2.35 अरब डॉलर में अधिग्रहण की योजना को लेकर बाजार की राय अलग अलग है। कुछ ब्रोकरेज इसे रणनीतिक रूप से सकारात्मक, लेकिन क्रियान्वयन के लिहाज से चुनौतीपूर्ण दांव बता रहे हैं तो कुछ ने कुछ ने मूल्यांकन संबंधी चिंताएं जताई हैं। कारोबार के आखिर में कोफोर्ज का शेयर 0.55 प्रतिशत बढ़कर 1,682.45 रुपये पर बंद हुआ। इसकी तुलना में बीएसई का सेंसेक्स 0.41 प्रतिशत गिरकर 84,695.54 पर था।
सौदे की रूपरेखा : कोफोर्ज ने 2.35 अरब डॉलर के उद्यम मूल्य पर एडवेंट इंटरनैशनल, वारबर्ग पिनकस और अन्य अल्पमत शेयरधारकों से एनकोरा का 100 प्रतिशत अधिग्रहण करने के लिए पक्का करार किया है। इस लेनदेन के लिए कई माध्यमों से धन लिया जाएगा। इनमें तरजीही आवंटन के माध्यम से 1.89 अरब डॉलर का इक्विटी निर्गम (जिसके परिणामस्वरूप एनकोरा के शेयरधारकों के पास कोफोर्ज का 21 प्रतिशत स्वामित्व होगा) और एनकोरा का सावधि ऋण चुकाने के लिए 55 करोड़ डॉलर तक का ब्रिज लोन /पात्र संस्थागत नियोजन (क्यूआईपी) शामिल है। यह सौदा एक ऑल-स्टॉक ट्रांजेक्शन है। इसमें विक्रेता 1,815.91 रुपये प्रति शेयर की की शेयर-स्वैप कीमत पर कोफोर्ज में रोल ओवर कर रहे हैं।
मोतीलाल ओसवाल
रेटिंग: ‘खरीदें’
कीमत लक्ष्य: 3,000 रुपये से घटाकर 2,500 किया
ब्रोकरेज का मानना है कि कोफोर्ज की मजबूत ऑर्डर बुक और सभी वर्टिकल्स में ग्राहकों के मजबूत खर्च उसके व्यवसाय के विस्तार के लिए अच्छा संकेत हैं। इस अधिग्रहण से कोफेर्ज की हाई-टेक और हेल्थकेयर वर्टिकल्स में मौजूदगी बढ़ेगी। हालांकि उसने अभी तक एनकोरा के आंकड़ों को हमारे मूल्यांकन में शामिल नहीं किया है। मोतीलाल ओसवाल ने कहा, ‘हम कोफोर्ज को ढांचागत रूप से मजबूत मझोली कंपनी के तौर पर देखते हैं, जो वेंडर कंसोलिडेशन और डिजिटल बदलाव से फायदा उठाने के लिहाज से अच्छी स्थिति में है।’
एमके ग्लोबल फाइनैंशियल सर्विसेज
रेटिंग: खरीदें
कीमत लक्ष्य: 2,000 रुपये
एमके का मानना है कि यह अधिग्रहण कोफोर्ज को ज्यादा वैल्यू वाली, एआई-आधारित इंजीनियरिंग सेवाओं की ओर ले जाएगा, जिसमें एनकोरा की गहन इंजीनियरिंग प्रतिभा और पूरक डिजिटल तथा एआई क्षमताएं जुड़ेंगी, खासकर बीएफएसआई और ट्रैवल सेक्टर मजबूत होगा।
ब्रोकरेज को उम्मीद है कि एनकोरा का अधिग्रहण एक बड़ा, एआई-केंद्रित प्लेटफॉर्म बनाकर जबरदस्त तालमेल पैदा करेगा। विशेष रूप से, एआई-आधारित इंजीनियरिंग, डेटा और क्लाउड सेवाओं की संयुक्त ताकत से वित्त वर्ष 2027 तक लगभग 2 अरब डॉलर का राजस्व मिलने का अनुमान है। यह डील हाई-टेक और हेल्थकेयर सेक्टर में कोफोर्ज की मौजूदगी बढ़ाएगी, जिसमें विलय के तुरंत बाद हर वर्टिकल की राजस्व दर लगभग 17 करोड़ तक पहुंचने की उम्मीद है।
ब्रोकरेज के अनुसार सौदे की संरचना (जिसमें शेयर-स्वैप ऑल-स्टॉक डील शामिल है) आने वाले निवेशकों के हितों को मौजूदा शेयरधारकों के साथ जोड़ता है, जबकि प्रस्तावित बोर्ड प्रतिनिधित्व से गवर्नेंस को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।
इलारा कैपिटल
रेटिंग: ‘एकत्रित करें’ से ‘घटाएं’ की
कीमत लक्ष्य: 2,020 रुपये से घटाकर 1,720 किया
वित्त वर्ष 2021–25 तक, कोफोर्ज ने भरोसेमंद प्रबंधन, मजबूत ऑर्डर बुक और बैंकिंग, वित्तीय सेवा एवं बीमा (बीएफएसआई) और ट्रैवल पर फोकस के कारण करीब 18 फीसदी की मजबूत राजस्व वृद्धि दर्ज की। इसके उलट, एनकोरा ने लगभग 7–10 प्रतिशत की धीमी गति से वृद्धि की है। इसके बावजूद कोफोर्ज एनकोरा को 3.9 गुना उद्यम मूल्य (ईवी)/बिक्री और 21 गुना ईवी/एबिटा के अपेक्षाकृत ऊंचे मूल्यांकन पर खरीद रही है, जो मोटे तौर पर कोफोर्ज के अपने मल्टीपल्स के बराबर है। यह सौदा एलारा कैपिटल को महंगा लगता है।
सेंट्रम इंस्टीट्यूशनल रिसर्च
रेटिंग: खरीदें
कीमत लक्ष्य: 2,179 रुपये
ब्रोकरेज फर्म के अनुसार एनकोरा का अधिग्रहण इसे बहुत महत्त्वपूर्ण आकार (2.5 अरब डॉलर का राजस्व रन रेट) देगा और साथ ही, अमेरिका में उसे नए वर्टिकलों और नए भौगोलिक क्षेत्रों में प्रवेश में मदद करेगा।