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नए जमाने के शेयरों पर सतर्कता से लगाएं दांव, इन्वेस्टमेंट पर बरतें सतर्कता

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Last Updated- February 15, 2023 | 9:18 PM IST
investment

पिछले महीने के दौरान नए जमाने की टेक्नोलॉजी कंपनियों में फिर से ​खरीदारी बढ़ी है, क्योंकि निवेशकों में वित्त वर्ष 2023 की तीसरी तिमाही नतीजों के बाद सुधरते परिदृश्य से उम्मीद बढ़ी है।

पेटीएम, एफएसएन ई-कॉमर्स वेंचर्स (Nykaa की मूल कंपनी), पीबी फिनटेक (पॉलिसीबाजार की पैतृक कंपनी) और कारट्रेडटेक के शेयरों में एक महीने की अव​धि में 21 प्रतिशत तक की तेजी आई, जबकि इस अव​धि के दौरान सेंसेक्स में 1.2 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई।

हालांकि कंपनियों द्वारा तीसरी तिमाही में मिश्रित परिणाम दर्ज किए जाने के बाद विश्लेषक इस तेजी के बरकरार रहने को लेकर आशंकित दिख रहे हैं। उनका कहना है कि अल्पाव​धि में तेजी की रफ्तार प्रभावित हो सकती है, क्योंकि निवेशक आय में तेजी आने का इंतजार कर रहे हैं।

हाल में समाप्त हुई तीसरी तिमाही में, जोमैटो का समेकित शुद्ध नुकसान एक साल पहले की अव​धि के 63 करोड़ रुपये से बढ़कर 347 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि परिचालन से कंपनी का समेकित राजस्व सालाना आधार पर 75 प्रतिशत बढ़कर 1,948 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।

इसी तरह, नायिका का शुद्ध लाभ वित्त वर्ष 2023 की तीसरी तिमाही में सालाना आधार पर 71 प्रतिशत घटकर 8.5 करोड़ रुपये रह गया, जो वित्त वर्ष 2022 की तीसरी तिमाही में 29 करोड़ रुपये था। हालांकि राजस्व 33 प्रतिशत बढ़कर 1,463 करोड़ रुपये हो गया।

रेलिगेयर ब्रोकिंग के एक विश्लेषक ने कहा, ‘भले ही बिक्री अपेक्षाकृत बेहतर है, लेकिन यह कहना कठिन है कि क्या नए जमाने के शेयरों में खरीदारी में तेजी बरकरार रहेगी या नहीं। चूंकि बाजार धारणा मंदी की बनी हुई है, इसलिए निवेशक ज्यादा उतार-चढ़ाव देख सकते हैं और 52 सप्ताह का निचला स्तर दर्ज कर चुके शेयरों पर ज्यादा दबाव पड़ेगा। पेटीएम, पीबी फिनटेक, और कारट्रेड टेक जैसे शेयरों ने हाल के दिनों में निचले स्तरों से तेजी दर्ज की है, वहीं जोमैटो और नायिका कमजोर बने हुए हैं।’

आईडीबीआई कैपिटल के शोध प्रमुख ए के प्रभाकर भी नए जमाने की कंपनियों में निवेश को लेकर आशा​न्वित बने हुए हैं। एलकेपी सिक्योरिटीज के शोध प्रमुख एस रंगनाथन का मानना है इनमें से कुछ शेयरों का मूल्यांकन चिंताजनक है। उनका कहना है, ‘आय संभावनाओं का अभाव सभी सेगमेंटों में नए जमाने के शेयरों पर लगातार दबाव डाल रहा है।’

पेटीएम और पीबी फिनटेक को लेकर निवेशकों ने राहत की सांस ली है, क्योंकि तीसरी तिमाही में इनके नुकसान में कमी आई है। जहां पेटीएम का समेकित शुद्ध नुकसान तीसरी तिमाही में घटकर 392 करोड़ रुपये रह गया, वहीं पीबी फिनटेक का नुकसान 87.6 करोड़ रुपये रहा।

इसे देखते हुए जेएम फाइनैं​शियल ने दीर्घा​व​धि के नजरिये से पीबी फिनटेक और पेटीएम पर अपना सकारात्मक रुख बरकरार रखा है।

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First Published - February 15, 2023 | 9:18 PM IST

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