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UP ODOC scheme: यूपी के स्वाद को मिलेगी वैश्विक पहचान, शुरू हुई ‘एक जनपद-एक व्यंजन’ योजना

उत्तर प्रदेश के मशहूर आगरा का पेठा, मथुरा का पेड़ा और काशी की मलइयो को अब वैश्विक पहचान मिलेगी।

Last Updated- January 25, 2026 | 12:46 PM IST
UP ODOC scheme
Representational Image

देश ही नहीं दुनिया भर में उत्तर प्रदेश के खास व्यंजनों को पहुंचाने के लिए यूपी दिवस के मौके पर एक जिला एक व्यंजन (ODOC) योजना की शुरुआत कर दी गई है। इससे पहले 2018 में यूपी दिवस के ही मौके पर प्रदेश में एक जिला एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना शुरू की गई थी। अब इसी सफल मॉडल को आगे बढ़ाते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश की समृद्ध पाक-कला विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने के उद्देश्य से “एक जनपद-एक व्यंजन” यानी ओडीओसी (वन डिस्ट्रिक्ट-वन कुजीन) योजना की शुरुआत की है।

ओडीओसी योजना के तहत उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जिले से एक विशिष्ट, ऐतिहासिक और पारंपरिक व्यंजन की पहचान की जाएगी। इस योजना का प्रमुख उद्देश्य प्रदेश की पारंपरिक पाक-कला विरासत का संरक्षण व संवर्धन के साथ ही व्यंजन तैयार करने वाले स्थानीय कारीगरों, हलवाइयों का पंजीकरण व चयनित व्यंजनों का गुणवत्ता मानकीकरण, ब्रांडिंग और मार्केटिंग करना है। ओडीओसी के तहत राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यंजनों को पहचान दिलाने का साथ स्थानीय आजीविका, स्वरोजगार व एमएसएमई सेक्टर को बढ़ावा दिया जाएगा।

ओडीओपी की तर्ज पर ओडीओसी भी जमीनी स्तर पर रोजगार सृजन का एक प्रभावी माध्यम बनेगी, जिससे प्रदेश की अर्थव्यवस्था को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। पैकेजिंग जीआई टैग और ई-कॉमर्स से स्थानीय व्यंजनों को वैश्विक मंच मिलेगा।

पैकेजिंग, सेफ ट्रांसपोर्टेशन का मिलेग परीक्षण

इस योजना के अंतर्गत इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पैकेजिंग के सहयोग से फूड पैकेजिंग, शेल्फ लाइफ बढ़ाने और सुरक्षित परिवहन पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। स्थानीय उद्यमियों को एफएसएसएआई सर्टिफिकेशन के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। पारंपरिक फूड वेंडर्स को ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स से जोड़ा जाएगा। चयनित व्यंजनों की जीआई टैगिंग कर उनकी प्रामाणिकता और अंतरराष्ट्रीय स्वीकार्यता सुनिश्चित की जाएगी। इसके साथ ही पर्यटन विभाग के सहयोग से प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों, धार्मिक स्थलों और महोत्सवों में ओडीओसी फूड स्टाल लगाए जाएंगे, जिससे पर्यटक एक ही स्थान पर उत्तर प्रदेश के विविध स्वादों का अनुभव कर सकें।

हर जिले का वि​शिष्ट व्यंजन

ओडीओसी के लांच के मौके पर अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश का लगभग हर जिला किसी न किसी विशिष्ट व्यंजन के लिए प्रसिद्ध है। जैसे आगरा का पंछी पेठा, मथुरा का ब्रजवासी पेड़ा, अयोध्या का रामआसरे पेड़ा, अलीगढ़ (इगलास) का चमचम, बाराबंकी की चंद्रकला, पूर्वांचल का बाटी-चोखा व लिट्टी-चोखा, लखनऊ की रेवड़ी व मलाई मक्खन, काशी की लौंगलता व मलइयो, संडीला (हरदोई) के लड्डू और कानपुर के समोसे। ऐसे सैकड़ों व्यंजन हैं, जो अपने शहर में तो लोकप्रिय हैं, लेकिन राज्य या देश से बाहर इन्हें सीमित पहचान मिली है। ओडीओसी योजना के माध्यम से यूपी के सभी 75 जिलों के इन ऐतिहासिक व स्वादिष्ट व्यंजनों को दुनिया के सामने प्रस्तुत किया जाएगा।

First Published - January 25, 2026 | 9:28 AM IST

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