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सेनापति नए, पर तीर वही पुराने

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Last Updated- December 07, 2022 | 8:41 PM IST

रिजर्व बैंक के नए गवर्नर डी. सुब्बाराव ने महंगाई पर काबू पाने और आर्थिक विकास को गति देने को प्रमुख लक्ष्य बताया है।


गवर्नर के तौर पर पहली बार संवाददाताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने विभिन्न मसलों पर बात की, लेकिन खास तौर महंगाई पर ही अपना ध्यान केंद्रित रखा।

महंगाई बड़ी चुनौती : सुब्बाराव ने बताया कि महंगाई की अहम वजह मांग और आपूर्ति पक्ष में असंतुलन है। हालांकि पूर्व गवर्नर की तरह वह भी यह कहने से नहीं चुके कि महंगाई वैश्विक बाजारों में आई खाद्यान्न की कीमतों में तेजी की देन है।

उन्होंने कहा कि महंगाई पर काबू पाने के लिए रिजर्व बैंक की ओर से अब तक जो भी कदम उठाए गए हैं, वह मांग को कम करने के लिए थे। ऐसे में आरबीआई की पहल से विकास प्रभावित होने पर आश्चर्य नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि आर्थिक विकास के लिए जरूरी है कि महंगाई पर काबू पाया जाए।

ब्याज दर पर नजर : जहां तक ब्याज दरों की बात है, तो आरबीआई इस बारे में कोई कदम उठाने से पहले यह देखेगी कि पहले किए गए उपाय से कितना प्रभाव पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि बगैर सख्त मौद्रिक नीति के महंगाई पर काबू पाना संभव नहीं है।

बैंकिंग क्षेत्र में उदारता : सुब्बाराव के मुताबिक, वित्तीय सुधार से ही आर्थिक विकास को रफ्तार मिल सकती है। उन्होंने कहा कि बैंकिंग क्षेत्र पहले से कहीं ज्यादा प्रतिस्पर्धी, प्रभावी और सक्षम हैं। ऐसे में रिजर्व बैंक बैंकिंग क्षेत्र को और उदार बनाने पर विचार करेगा।

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First Published - September 10, 2008 | 1:21 AM IST

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