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YES Bank Q3 Results: निजी क्षेत्र के बैंक YES Bank ने वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही में मजबूत वित्तीय प्रदर्शन दर्ज किया है। दिसंबर तिमाही में बैंक का शुद्ध मुनाफा साल-दर-साल आधार पर 55 प्रतिशत बढ़कर 952 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल इसी अवधि में बैंक ने 612 करोड़ रुपये का लाभ कमाया था।
बैंक के बेहतर नतीजों की सबसे बड़ी वजह खराब कर्ज और अन्य आकस्मिक जोखिमों के लिए किए जाने वाले प्रावधानों में तेज गिरावट रही। तिमाही के दौरान ये प्रावधान 91 प्रतिशत घटकर 220 करोड़ रुपये रह गए, जबकि इससे पहले बैंक ने कई तिमाहियों तक अपने बैलेंस शीट को मजबूत करने पर जोर दिया था।
इस दौरान YES Bank की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) में भी 10.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई और यह 2,465 करोड़ रुपये पर पहुंच गई। घरेलू ऋणों में 5.2 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि जमा राशि भी लगभग इसी रफ्तार से 5.5 प्रतिशत बढ़ी।
बैंक की लाभप्रदता का अहम पैमाना मानी जाने वाली नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) भी सुधरकर 2.6 प्रतिशत हो गई, जो पिछली तिमाही में 2.5 प्रतिशत थी। इसका फायदा बैंक को जमा पर ब्याज लागत घटने से मिला, क्योंकि भारतीय रिजर्व बैंक फरवरी 2025 से अब तक नीतिगत ब्याज दरों में कुल 125 बेसिस प्वाइंट की कटौती कर चुका है।
एसेट क्वालिटी के मोर्चे पर भी बैंक की स्थिति स्थिर बनी हुई है। दिसंबर के अंत तक ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NPA) अनुपात 1.5 प्रतिशत रहा, जो सितंबर तिमाही में 1.6 प्रतिशत था।
गौरतलब है कि पिछले साल जापान की सुमितोमो मित्सुई बैंकिंग कॉरपोरेशन (SMBC) ने YES Bank में 24 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदी थी। यह सौदा जापानी वित्तीय संस्थानों द्वारा भारत जैसे उभरते बाजारों में विकास के नए अवसर तलाशने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
कुल मिलाकर, घटते प्रावधान, स्थिर एसेट क्वालिटी और बेहतर मार्जिन के दम पर YES Bank ने इस तिमाही में मजबूत वापसी के संकेत दिए हैं।