फ्रांस की आईटी फर्म एटोस अगले 12 से 18 महीने में जलवायु विशेषज्ञों समेत 15,000 लोगों को काम पर रखने की योजना बना रही है, क्योंकि यह वर्ष 2028 तक डीकार्बोनाइजेशन की दिशा में बढ़ रहा है। एटोस के मुख्य परिचालन अधिकारी नूर्डिन बिहमैन ने यह जानकारी दी है।
बिहमैन ने कहा ‘एटोस के लिए भारत बहुत ही रणनीतिक बाजार है। हम पिछले 30 सालों से यहां मौजूद हैं और तब से हम संघटित रूप से बढ़े हैं। रफ्तार कायम करने के लिए लोग और नवोन्मेष हमारे दो प्रमुख संचालक हैं। भारत हमारे कुल कार्यबल के एक-तिहाई भाग प्रतिनिधित्व करता है।’
भारत में एटोस के करीब 40,000 कर्मचारी हैं और यह तेजी से बढ़ रही है। कैलेंडर वर्ष 2020 में कंपनी का कुल राजस्व 11 अरब यूरो रहा है।
मुंबई, पुणे, बेंगलूरु, चेन्नई और दिल्ली एनसीआर परिसरों से काम करने वाले कर्मचारियों के साथ एटोस इन केंद्रों का इस्तेमाल यूरोप, उत्तरी अमेरिका, एशिया प्रशांत और पश्चिमी एशिया के बाजारों के प्रमुख ग्राहकों की सेवा के लिए कर रही है। बिहमैन ने कहा ‘हम इस प्रतिबद्धता को मजबूत करना चाहते हैं। एटोस की योजना आने वाले महीनों में 15,000 अतिरिक्त कर्मचारियों को नियुक्त करने की है।’ कारोबारी प्राथमिकताओं के लिहाज से उन्होंने कहा कि कंपनी विकास के चार स्तंभों वाली रणनीति की ओर जा रही है – डिजिटल सेवाएं, क्लाउड, साइबर सुरक्षा, डीकार्बोनाइजेशन।