facebookmetapixel
Advertisement
संकट के बीच सरकार का बड़ा झटका: वाणिज्यिक सिलिंडर ₹993 महंगा, दिल्ली में कीमत ₹3,000 के पारVI को सरकार से बड़ी संजीवनी: AGR बकाये में 27% की कटौती, बैंकों से कर्ज मिलने का रास्ता साफसवालों के घेरे में एग्जिट पोल: पश्चिम बंगाल में सर्वे से क्यों पीछे हटी बड़ी एजेंसियां?ईरान का बड़ा कदम: अमेरिका को बातचीत के लिए भेजा नया प्रस्ताव, पाकिस्तान को सौंपी अपनी मांगेसोने की चमक पड़ी फीकी? तेल की बढ़ती कीमतों और महंगाई के डर से सोना 1% टूटाभारी पड़े अरबों डॉलर के विदेशी अधिग्रहण: 10 में से 8 भारतीय कंपनियां शेयरधारकों को रिटर्न देने में फेलअप्रैल में जीएसटी का नया कीर्तिमान: ₹2.43 लाख करोड़ का रिकॉर्ड संग्रह, पर घरेलू खपत में दिखी नरमीचुनौतियों के बीच वित्त मंत्रालय का संकल्प: संकट के बावजूद पूरा होगा ₹12 लाख करोड़ का कैपेक्ससरकारी बैंकों में कम होगी सरकार की हिस्सेदारी! पूंजी जुटाने के लिए QIP और बॉन्ड का सहारारिकॉर्ड मार्च के बाद अप्रैल में थमी UPI की रफ्तार, लेनदेन का कुल मूल्य ₹29.03 लाख करोड़ रहा

पांच साल में 35 फीसदी बढ़ सकती है सरसों की पैदावार: SEA

Advertisement

Mustard production in India: कृषि की आदर्श तकनीकों को अपनाने पर मौजूदा उपलब्ध बीजों से भी सरसों की पैदावार को अगले पांच वर्षों में 35 फीसदी तक बढ़ाया जा सकता है।

Last Updated- April 04, 2024 | 10:32 PM IST
Mustard seeds

आनुवांशिक सरसों से उपज बेहतर होने की चर्चा के दौर में सॉल्वेंट एक्सट्रैक्टर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (SEA) ने अपनी प्रायोगिक परियोजना के हवाले से जानकारी दी है कि कृषि की आदर्श तकनीकों को अपनाने पर मौजूदा उपलब्ध बीजों से भी सरसों की पैदावार को अगले पांच वर्षों में 35 फीसदी तक बढ़ाया जा सकता है।

यह प्रायोगिक परियोजना पांच राज्यों में फैले 3,500 मॉडल खेतों में चलाई गई थी। इस परियोजना में 1,25,000 किसान शामिल थे। घरेलू तिलहन निष्कर्षकों के प्रमुख संघ एसईए ने सॉलिडेरिडैड नेटवर्क के सहयोग से पायलट कार्यक्रम का संचालन किया।

सॉलिडेरिडैड अंतरराष्ट्रीय स्तर का सिविल सोसायटी संगठन है। यह संगठन सामाजिक रूप से जिम्मेदार, पारिस्थितिक रूप से सुदृढ़ और लाभदायक आपूर्ति श्रृंखला के विकास को सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से काम कर रहा है।

यह प्रायोगिक परियोजना 2020-21 में पहले राजस्थान के पांच जिलों में शुरू हुई थी। फिर अन्य राज्यों में योजना का विस्तार हुआ था।

Advertisement
First Published - April 4, 2024 | 10:32 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement