Advertisement
Indian equities outlook: भारत पर HSBC का भरोसा घटा, जानिए क्यों दिया ‘अंडरवेट’ टैगतेल महंगा होते ही किसकी भरती है तिजोरी? जंग के बीच समझिए पूरा खेलजापान ने 80 साल बाद उठाई ‘तलवार’! दुनिया में हथियारों की नई रेस?अप्रैल में कॉम्पोजिट PMI बढ़कर 58.3, मांग बढ़ने से मैन्युफैक्चरिंग में तेजीक्या पेट्रोल-डीजल 25-28 रुपये महंगे होंगे? पेट्रोलियम मंत्रालय ने दूर किया कन्फ्यूज़नकौन से सेक्टर में पैसा लगा रहे हैं MF और FPI, जानें निवेशकों ने क्यों बदली रणनीतिSolar Stock: 1 महीने में 50% उछला, अब मोतीलाल ओसवाल ‘सुपर बुलिश’, कहा- खरीदें, 31% और जाएगा ऊपरStocks To Buy: मई में खरीदने के लिए Motilal Oswal ने चुने 6 दमदार स्टॉक्स, ₹240 से ₹4,750 तक के दिए टारगेटGold, Silver Price Today: चांदी में ₹5,863 गिरावट, सोने का वायदा भाव भी फिसलाकर्नाटक की नई शराब नीति से दिग्गज Liquor Stocks को होगा फायदा! ब्रोकरेज ने कहा- ₹3850 तक जाएगा भाव
अन्य समाचार महज 31 फीसदी घरों में नल का पानी चिंता का विषय :कंेद्र
'

महज 31 फीसदी घरों में नल का पानी चिंता का विषय :कंेद्र

PTI

- February,20 2013 2:13 AM IST

पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री :स्वतंत्र प्रभार: भरत सिंह सोलंकी ने यहां कहा कि यह चिंता की बात है कि सिर्फ 30. 80 फीसदी ग्रामीण घरांे में नल के जरिए जलापूर्ति हो रही है।

उन्होंने कहा कि बिहार, झारखंड, असम, ओडि़शा और मध्यप्रदेश जैसे राज्य नल के जरिए पानी की आपूर्ति करने के मामले में पीछे छूट गए हैं।

सोलंकी ने कहा कि 22 फीसदी ग्रामीण घरों के लोग आधा किलोमीटर से अधिक दूर स्थित स्रोतों से पेयजल लाते हैं। मणिपुर, त्रिपुरा, ओडि़शा, मेघालय, झारखंड और मध्य प्रदेश में ऐसे घरों की संख्या कहीं अधिक है।

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement