facebookmetapixel
Advertisement
चीनी शेयरों में आई मिठास! बजाज हिंदुस्तान, द्वारिकेश और रेणुका शुगर में 14% तक उछाल; जानिए वजहभारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग ने बदला कमिटमेंट रूल्स, गूगल और इंडिगो के प्रस्तावों पर फैसले का इंतजारमिल्की मिस्ट के निवेशकों की बल्ले-बल्ले! पहले 18% प्रीमियम पर लिस्टिंग, फिर लगातार 2 दिनों से लग रहा 10-10% का अपर सर्किटबैंकों में जमा की रफ्तार 10 साल के हाई पर, डिपॉजिट ग्रोथ 15.4%; कर्ज की मांग भी तेजशिपरॉकेट की दमदार लिस्टिंग, निवेशकों को 35% का फायदा; मुनाफा काट लें या होल्ड करें?आखिरी समय में बनी बात: अमेरिका-कनाडा समझौते के बाद ट्रंप ने हटाया 50% टैरिफबुकमायशो में KKR का बड़ा दांव, कंपनी में खरीदेगी हिस्सेदारी; जानिए क्या है पूरा प्लानNifty Outlook: 24,050 के नीचे टूटा बाजार तो बढ़ेगी गिरावट! HDFC Securities के विनय राजानी ने बताए आज के 2 दमदार शेयरसोना-चांदी हुए सस्ते: वैश्विक दबाव में सोने में ₹362 और चांदी में ₹2,418 की बड़ी गिरावटStock Market Update: बाजार में दबाव! सेंसेक्स 200 अंक फिसला; Zaggle Prepaid शेयर में 26% की जोरदार वापसी

kinetic green ने पेश किया ई-स्कूटर Zulu, 69 हजार रुपए वाले मॉडल के लिए खास बैटरी सदस्यता योजना

Advertisement

ग्राहक को बैटरी के लिए प्रति माह 700 से 900 रुपये का भुगतान करना होता है और वह 69,000 रुपये का अग्रिम भुगतान करता है।

Last Updated- December 11, 2023 | 11:49 PM IST
kinetic green

पुणे की इलेक्ट्रिक वाहन कंपनी काइनेटिक ग्रीन (kinetic green) ने अपना तेज रफ्तार वाला ई-स्कूटर जुलु (Zulu) पेश किया है। यह दो मूल्य वर्ग में आता है। एक में बैटरी की लागत शामिल है और दूसरे में तीन साल की बैटरी सदस्यता योजना शामिल है।

2.2 किलोवॉट प्रति घंटा वाली बैटरी द्वारा संचालित यह स्कूटर 104 किलोमीटर की रेंज प्रदान करता है। मुंबई में इसकी एक्स-शोरूम कीमत 94,990 रुपये है। दूसरा विकल्प सदस्यता वाला प्रारूप है।

इसमें ग्राहक को बैटरी के लिए प्रति माह 700 से 900 रुपये का भुगतान करना होता है और वह 69,000 रुपये का अग्रिम भुगतान करता है। इसके पीछे योजना यह है कि फेम सब्सिडी(Fame Subsidy)  का लाभ कम होने पर उपभोक्ता के लिए स्वामित्व की लागत कम हो जाए।

बिजनेस स्टैंडर्ड के साथ बात करते हुए काइनेटिक ग्रीन की संस्थापक और मुख्य कार्याधिकारी सुलज्जा फिरोदिया मोटवानी ने इस बात पर प्रकाश डाला कि वे युवाओं, खास तौर पर कॉलेज जाने वालों को आकर्षित करने की योजना बना रहे हैं।

उन्होंने कहा कि 69,000 रुपये वाले विकल्प में 36 महीने की अवधि के लिए ईएमआई लगभग 2,500 रुपये प्रति महीने बैठती है और इसमें 700 से 800 रुपये जोड़ दिए जाते हैं। ज्यादातर छात्र ईंधन लागत का भुगतान अपनी जेब से करते हैं। गैस-तेल से चलने वाले वाहन के बजाय इलेक्ट्रिक वाहन चुनना माता-पिता और छात्र दोनों के लिए ही उपयुक्त होगा।

95,000 रुपये वाले विकल्प के मामले में ईएमआई लगभग 3,400 रुपये प्रति माह होगी। दावा किया जा रहा है कि बैटरी सदस्यता वाले इस नए प्रारूप ने अधिग्रहण लागत को 35 प्रतिशत से भी ज्यादा तक कम कर दिया है और इसे चलाने की लागत पर खासी बचत प्रदान करता है।

Advertisement
First Published - December 11, 2023 | 11:01 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement