पिछले महीने के अंत में, कोलकाता की कंपनी विक्रम सोलर ने घोषणा की कि वह तमिलनाडु के ओरगडम के इंडोस्पेस इंडस्ट्रियल पार्कमें 1.3 गीगावॉट के सौर पीवी मॉड्यूल के विनिर्माण के लिए संयंत्र लगाएगी। इसके साथ ही विक्रम सोलर की कुल पीवी मॉड्यूल विनिर्माण क्षमता 2.5 गीगावॉट तक पहुंच जाएगी जिसकी वजह से यह भारत […]
वर्ष 2021-22 की अप्रैल-जून तिमाही के कॉर्पोरेट नतीजों को पिछले वर्ष की समान अवधि के कम आधार प्रभाव का लाभ मिला। ऐसे भी संकेत हैं कि वैश्विक स्तर पर औद्योगिक धातुओं में सुधार और तेजी ने भी इन्हें बेहतर बनाने में मदद की है। परंतु ऋण सुधार और खपत भी एकदम स्थिर है। 894 सूचीबद्ध […]
आठ प्रमुख क्षेत्र का उत्पादन बढ़ा
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक 8 उद्योगों वाले प्रमुख क्षेत्रों का उत्पादन जून महीने में पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 8.9 प्रतिशत बढ़ा है। इस पर कम आधार का असर बरकरार है। बहरहाल अप्रैल और मई की तुलना में जून में कम आधार का असर […]
चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में चक्रीय क्षेत्र की कंपनियों से एक बार फिर कंपनियों की कमाई को दम मिला है। वित्त वर्ष 2022 की पहली तिमाही के नतीजे जारी करने वाली शुरुआती 230 कंपनियों का एकीकृत शुद्घ मुनाफा पिछले वित्त वर्ष की पहली तिमाही के मुकाबले 70.6 फीसदी बढ़ा है। समेकित मुनाफे में […]
सीमेंट की मांग में सुधार के आसार
लॉकडाउन में धीरे-धीरे राहत और मॉनसून से पहले की रुकी हुई मांग के करण जून में सीमेंट वॉल्यूम में करीब 20 प्रतिशत की क्रमिक वृद्धि दर्ज किए जाने केआसार हैं। इंडिया रेटिंग्स ने आज अपनी रिपोर्ट में यह जानकारी दी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि देश के कुछ हिस्सों में बारिश द्वारा निर्माण […]
यदि सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के आंकड़ों, विनिर्माण और निर्माण में क्षेत्रवार मूल्यवद्र्धन तथा बिजली, स्टील, सीमेंट और वाहन आदि की वास्तविक बिक्री पर नजर डाली जाए तो साफ नजर आता है कि भारतीय अर्थव्यवस्था कई वर्ष पीछे हो गई है। इसे कैसे ठीक किया जा सकता है और कोविड के बाद अर्थव्यवस्था में वृद्धि […]
सीमेंट, लॉजिस्टिक के वृद्घि अनुमान में कटौती
देश के ग्रामीण इलाकों में कोविड-19 संक्रमण की दूसरी लहर के प्रसार और उसके बाद विभिन्न राज्यों की ओर से लगाए गए लॉकडाउन प्रतिबंधों ने वित्त वर्ष 2022 की पहली तिमाही में घरेलू सीमेंट उत्पादन को प्रभावित किया है। मांग को लगे इस झटके को ध्यान में रखकर इक्रा रेटिंग्स ने आज वित्त वर्ष 2022 […]
चालीस वर्ष पहले 30 बड़े कारोबारी ‘घरानों’ की कंपनियों का शेयर बाजार पर संयुक्त मूल्य 6,200 करोड़ रुपये था। ये सभी सूचीबद्ध कंपनी थीं। उस वक्त सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी इससे 28 गुना अधिक (1.75 लाख करोड़ रुपये) था। ज्यादातर कंपनियां जूट, चाय, सीमेंट, चीनी, स्टील फैब्रिकेशन, टेक्सटाइल आदि जैसे प्राथमिक विनिर्माण से संबंधित […]
सड़क क्षेत्र में बढ़ती प्रतिस्पर्धा से दबाव संभव
रेटिंग एजेंसी इक्रा का कहना है कि सड़क क्षेत्र में बढ़ी प्रतिस्पर्धा और आक्रामक बोली के कारण कार्यशील पूंजी चक्र पर दबाव पड़ सकता है और इससे परियोजनाओं में देरी हो सकती है या परियोजनाएं अटक सकती हैं। इक्रा ने कहा है, ‘सड़क क्षेत्र में नई कंपनियों का प्रवेश हो रहा है और इससे प्रतिस्पर्धा […]
बाजार के लिए क्यों मायने नहीं रखते जीडीपी आंकड़े?
पिछले दो आलेखों में मैंने प्रतिकूल आर्थिक परिस्थितियों के बीच शेयर बाजार में तेजी के कारणों पर रोशनी डालने का प्रयास किया था। मैंने पहले आलेख में कंपनियों की शानदार आय को बाजार में तेजी की मुख्य वजह बताई थी। दूसरे आलेख में मैंने वृहद अर्थव्यवस्था के संदर्भ में चर्चा की थी। कहा था कि […]