न्यायमूर्ति सी. टी. सेल्वम ने पहले के पोस्टमार्टम रिपोर्ट का जिक्र किया जिसमें मुंह, नाक एवं गुदा से खून बहने का जिक्र था और गर्दन पर बंधने के निशान थे । उन्होंने विरूधुनगर जिले के एसपी को निर्देश दिया कि शव को निकालने की प्रक्रिया का निरीक्षण करें और फिर से पोस्टमार्टम कराएं ।
न्यायाधीश ने निर्देश दिया कि फिर से पोस्टमार्टम के. थंगराज करें जो एसआरएम अस्पताल एवं शोध केंद्र, कट्टनकुलाथुर के फोरेंसिक विग्यान विभाग के प्रमुख हैं। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम के दौरान एक सरकारी चिकित्सक को भी उपस्थित रहना चाहिए।
पुलिस महानिदेशक, विरूधुनगर के जिलाधिकारी और एसपी को थंगाराज की सेवा लेने के लिए उन्हें 40 हजार रूपये का भुगतान सुनिश्चित करना चाहिए ।
याचिकाकर्ता पेरियामांगी ने कहा कि उनका बेटा रासुकुट्टी मदुरै के एक निजी स्कूल का चालक था और स्कूल की एक लड़की के प्रेम में पड़कर फरार हो गया ।
दोनों ने 14 नवम्बर को विरूधुनगर जिले के एक पुलिस निरीक्षक के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया ।
याचिकाकर्ता ने आरोप लगाए कि निरीक्षक और उपनिरीक्षक ने उसकी उपस्थिति में उसके बेटे की पिटाई की ।
बाद में जब वह अपने रिश्तेदारों को लेकर थाने आई तो उसे बताया गया कि उसके बेटे ने आत्महत्या कर ली है । उसने आरोप लगाए कि उसके बेटे की पीट...पीट कर हत्या कर दी गई ।