मुम्बई आतंकवादी हमले में भूमिका के लिए पाकिस्तान में पकड़े गए जकीउर रहमान लखवी सहित लश्करे तैयबा के सात संदिग्धों के खिलाफ अभियोजन को आगे बढ़ाने के लिए आयोग मुम्बई हमले के गवाहों से जिरह करने के लिए आयोग भारत आया हुआ है।
26 नवम्बर 2008 को हुए मुम्बई आतंकवादी हमले के दौरान सुरक्षा बलों की कार्रवाई में मारे गए नौ पाकिस्तानी आतंकवादियों का पोस्टमार्टम करने वाले दोनों चिकित्सकों ने कल अदालत में बयान देकर अपनी पोस्टमार्टम रिपोर्ट का ब्योरा दिया था। यद्यपि आयोग ने उनसे जिरह नहीं की।
दोनों भारतीय गवाहों के बयान अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपालिटन मजिस्ट्रेट पी वाई लादेकर दर्ज कर रहे हैं।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि भारतीय गवाहों में लश्करे तैयबा आतंकवादी अजमल आमिर कसाब का बयान दर्ज करने वाले सिटी मजिस्ट्रेट आर वी सावंत वाघुले, मामले के मुख्य जांच अधिकारी रमेश महाले शामिल हैं।
भारत सरकार का प्रतिनिधित्व करने वाले विशेष सरकारी वकील उज्ज्वल निकम ने पीटीआई को बताया कि उम्मीद इै कि आयोग इन गवाहों से आज जिरह करेगा।
आयोग की यह दूसरी भारत यात्रा है। आयोग ने मार्च 2013 में अपनी पहली यात्रा के दौरान इन्हीं चार गवाहों से पूछताछ की थी लेकिन भारत ने उनसे जिरह की इजाजत नहीं दी थी।