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बुरा दौर पीछे छूट गया, धीरे-धीरे बढ़ रही है बिक्री

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Last Updated- December 14, 2022 | 9:39 PM IST

भारतीय उद्योग जगत के प्रमुखों ने एकमत से कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था का बुरा दौर अब पीछे छूट चुका है और धीमी रफ्तार से सही लेकिन कंपनियों की बिक्री और मुनाफा धीरे-धीरे बढ़ रहा है। अर्थव्यवस्था कोविड महामारी के असर से उबरती दिख रही है। मुख्य कार्याधिकारियों ने कहा कि कंपनियां फिर से देश और विदेश में निवेश का जोखिम लेने लगी हैं। टाटा समूह की कंपनी टाइटन ने पिछले हफ्ते ही दुबई में तनिष्क का पहला शोरूम खोला है।
कोविड महामारी के कारण पहली बार ऑनलाइन आयोजित किए गए बिज़नेस स्टैंडर्ड अवाड्र्स के विजेताओं के सम्मेलन में मुख्य कार्याधिकारियों ने कहा कि उनकी कंपनियां पटरी पर लौट रही हैं। खास तौर पर सेवाओं तथा उत्पादों के लिए उपभोक्ता मांग बढऩे से ऐसा संभव हुआ है।
2018 के लिए सीईओ ऑफ द इयर का पुरस्कार जीतने वाले टाइटन समूह के पूर्व प्रबंध निदेशक भास्कर भट्ट ने कहा, ‘टाइटन ने महामारी के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन किया क्योंकि इस संकट का सामना करने के लिए हमारे लोगों ने एकजुटता दिखाई। अगर आप मुझसे सफलता का कोई एक रहस्य पूछें तो वह है हमारे कर्मचारी।’ टाटा समूह की कई कंपनियों के निदेशक मंडल में शामिल रहे भट्ट ने कहा, ‘मेरा मानना है कि कम से कम विमानन और रिटेल के लिहाज से बुरा दौर खत्म हो चुका है। देश भीषण संकट से गुजरा है और मैं आशा करता हूं कि लॉकडाउन की वापसी नहीं होगी।
टाइटन हमेशा से ही उद्यमशील कंपनी रही है और नए नए उपायों को तलाशती रहती है।’ भट्ट ने कहा, ‘दीवाली की बिक्री भी शुरू हो चुकी है। कंपनियां लागत घटा रही हैं और नकदी बचा रही हैं, साथ ही कंपनी को पटरी पर लाने के लिए ग्राहकों पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं।’ उन्होंने कहा, ‘भारतीय लोगों में बेहतर गुणवत्तापूर्व जीवन की आकांक्षा है और जीवन को चलाने का यही मूलमंत्र है।’ भट्ट ने कहा, ‘बीएस अवॉर्ड कंपनी की दक्षता को प्रतिबिंबित करता है। मैं इस पुरस्कार को टाइटेनियन्स को समर्पित करता हूं। हमने दो शानदार ब्रांड और कर्मचारियों की एक बेहतरीन टीम तैयार की है।’
स्टार्टअप ऑफ द इयर का खिताब जीतने वाले ऑनलाइन रिटेल फर्म बिग बास्केट के संस्थापक और मुख्य कार्याधिकारी हरि मेनन ने कहा कि महामारी ने कंपनी को जोरदार रफ्तार दी। उन्होंने कहा, ‘बिक्री, विकास और मुनाफे के लिहाज से इस दौरान हम करीब 15 से 18 महीने आगे पहुंच गए।’ मेनन ने कहा, ‘यहां से हम ऊंची छलांग लगाने की बेहतर स्थिति में हैं और आवश्यक सेवाओं का हिस्सा होने की वजह से महामारी में हमने शानदार वृद्घि दर्ज की।’
‘एसएमई ऑफ द इयर’ सम्मान पाने वालीं विनती ऑर्गेनिक्स की एमडी एवं सीईओ विनती सराफ मुतरेजा ने कहा कि कोविड-19 के दौरान तेल एवं गैस छोड़कर लगभग सभी क्षेत्रों में उनके उत्पाद की मांग देखी गई थी। उन्होंने कहा, ‘हम स्पेशियलिटी केमिकल्स बनाते हैं और 75 प्रतिशत तक अपने उत्पादों का निर्यात करते हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान भी हमारे काम करने की रफ्तार में कोई कमी नहीं आई। आवश्यक सेवा खंड की कंपनी होने के कारण हमें श्रम संसाधन से जुड़ी दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ा।’ इंद्रप्रस्थ गैस के एमडी ए के जना ने कहा कि परिवहन खंड लगभग पूरी तरह कोविड-19 के पूर्व की स्थिति में पहुंच गया है। जना ने कहा कि केवल संस्थान और स्कूल से संबंधित गतिविधियां सामान्य नहीं हुई हैं। इंद्रप्रस्थ गैस को ‘पीएसयू ऑफ द इयर’ सम्मान से नवाजा गया है। जना ने कहा, ‘इस समय लोग सार्वजनिक परिवहन से यात्रा करने से परहेज कर रहे हैं। लोग अपने निजी वाहनों का इस्तेमाल कर रहे हैं और घरेलू बाजार में तो सीएनजी की खपत खासी बढ़ गई है।’ कोविड-19 महामारी से पहले सड़कों पर 5,000 से अधिक नई सीएनजी कारें थीं। उन्होंने कहा कि अब यह संख्या बढ़कर 8,000 हो गई है। जना ने इस बात की ओर ध्यान खींचा कि महामारी के बाद किस तरह भारतीय उपभोक्ताओं का जीवन बदल गया है।

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First Published - November 6, 2020 | 1:06 AM IST

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