facebookmetapixel
सिर्फ शेयरों में पैसा लगाया? HDFC MF की रिपोर्ट दे रही है चेतावनीIndia manufacturing PMI: जनवरी में आर्थिक गतिविधियों में सुधार, निर्माण और सर्विस दोनों सेक्टर मजबूतसोना, शेयर, बिटकॉइन: 2025 में कौन बना हीरो, कौन हुआ फेल, जानें हर बातट्रंप ने JP Morgan पर किया 5 अरब डॉलर का मुकदमा, राजनीतिक वजह से खाते बंद करने का आरोपShadowfax Technologies IPO का अलॉटमेंट आज होगा फाइनल, फटाफट चेक करें स्टेटसGold and Silver Price Today: सोना-चांदी में टूटे सारे रिकॉर्ड, सोने के भाव ₹1.59 लाख के पारSilver के बाद अब Copper की बारी? कमोडिटी मार्केट की अगली बड़ी कहानीAI विश्व शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे स्पेन के 80 विश्वविद्यालयों के रेक्टरभारत–कनाडा सहयोग को नई रफ्तार, शिक्षा और व्यापार पर बढ़ा फोकसIndia-EU trade deal: सीमित समझौते से नहीं मिल सकता पूरा लाभ

Manish Sisodia को सुप्रीम कोर्ट से मिली जमानत, 530 दिन बाद जेल से बाहर आएंगे AAP नेता

कोर्ट ने कहा, ''मनीष सिसोदिया 17 महीने से हिरासत में हैं और अभी तक सुनवाई शुरू नहीं हुई। ऐस में वह शीघ्र सुनवाई के अधिकार से वंचित हुए हैं।''

Last Updated- August 09, 2024 | 5:35 PM IST
After getting interim relief from Delhi High Court, Sisodia reached his residence to meet his ailing wife.

Delhi liquor policy corruption case: सुप्रीम कोर्ट ने कथित दिल्ली आबकारी नीति घोटाले (excise policy scams) से जुड़े भ्रष्टाचार और धन शोधन के मामलों में शुक्रवार को आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) को जमानत दे दी।

इस दौरान मनीष सिसोदिया के वकीलों ने CBI और ED मामलों में ₹10 लाख के दो जमानत बांड और दो जमानतदार पेश किए। आज सुबह, सुप्रीम कोर्ट की बेंच जिसमें जस्टिस बी आर गवई और के वी विश्वनाथन शामिल थे, ने मनीष सिसोदिया को शराब नीति अनियमितताओं के मामलों में जमानत दी।

दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को 17 महीने बाद जेल से रिहा किया जाएगा। उन्हें शराब नीति मामले में गिरफ्तार किया गया था। सिसोदिया ने 28 फरवरी, 2023 को दिल्ली कैबिनेट से इस्तीफा दिया था।

कोर्ट ने कहा, ”मनीष सिसोदिया 17 महीने से हिरासत में हैं और अभी तक सुनवाई शुरू नहीं हुई। ऐस में वह शीघ्र सुनवाई के अधिकार से वंचित हुए हैं।”

सुप्रीम ने कोर्ट ने कहा कि मनीष सिसोदिया को जमानत के लिए निचली अदालत भेजना न्याय का अपमान होगा। शीर्ष अदालत ने कहा, ”वक्त आ गया है कि निचली अदालतें और हाई कोर्ट इस सिद्धांत को समझें कि जमानत नियम है और जेल अपवाद है।”

मनीष सिसोदिया को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद ‘आप’ सांसद संजय सिंह ने कहा, ‘‘यह सच की जीत है, अदालत का फैसला तानाशाही पर तमाचा है।’’

वहीं, मनीष सिसोदिया को जमानत दिए जाने पर ‘आप’ नेता राघव चड्ढा ने कहा, ‘आज पूरा देश खुश है।’’ उन्होंने कहा कि सिसोदिया को 530 दिनों तक जेल में रखा गया; उनका अपराध यह था कि उन्होंने बच्चों को बेहतर भविष्य दिया।

First Published - August 9, 2024 | 11:26 AM IST

संबंधित पोस्ट