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उभरते सितारे फंड से मिलेगी रफ्तार: सीतारमण

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Last Updated- December 12, 2022 | 1:42 AM IST

उत्तर प्रदेश की एक जिला एक उत्पाद योजना (ओडीओपी) देश के लिए रोल मॉडल है। निर्यात की संभावना वाली कंपनियों की मदद के लिए शुरू किए गए उभरते सितारे फंड को ओडीओपी से रफ्तार मिलेगी। शनिवार को राजधानी लखनऊ में भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) और इंडिया एक्जिम बैंक के उभरते सितारे फंड की शुरुआत करते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि उत्तर प्रदेश में देश के किसी राज्य के मुकाबले सबसे ज्यादा छोटे व मझोले उद्योग (एमएसएमई) हैं और यहां के लोग इसका सबसे ज्यादा लाभ ले सकेंगे। उन्होंने कहा कि फंड के जरिये निर्यात की संभावना वाले उद्यमों को वित्तीय व तकनीकी मदद दी जाएगी और इन उद्यमों की पहचान एक बड़ी चुनौती थी। 
 
वित्त मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में पहले से ओडीओपी मौजूद है जिसके चलते यहां आसानी से इन उद्योगों व इकाइयों को चिह्नित किया जा सका। ओडीओपी के चलते जिलों में क्लस्टरों के विकास में मदद मिलेगी। वित्त मंत्री ने उत्तर प्रदेश सरकार के साथ ही सिडबी व एक्जिम बैंक से कहा कि उभरते सितारे फंड के बारे में हर जिले में छोटी व मझोली इकाइयों को जागरूक किया जाए जिससे वे अधिक से अधिक फायदा ले सकें। उन्होंने कहा कि उभरते सितारे फंड का उद्देश्य उन इकाइयों को चिह्नित कर मदद देना है जो निर्यात की चैंपियन हो सकती हैं।
 
भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक सिवसुब्रमणियन रमण ने उभरते सितारे फंड की शुरुआत के मौके पर कहा कि स्टार्टअप फंड से अर्थव्यवस्था को गति मिली है। उन्होंने कहा कि सिडबी उत्तर प्रदेश के लिए स्टार्टअप फंड को फिर से गतिशील करेगा और इसके लिए उत्तर प्रदेश सरकार का सहयोग लेगी। छोटे व मझोले उद्यमों के लिए काम कर रही सिडबी ने अभी तक उत्तर प्रदेश में 1.7 लाख लोगों को लाभ पहुंचाया है। सिडबी का उद्देश्य छोटे व मझोले उद्योगों को सही ब्याज दरों पर वित्तीय सहायता उपलब्ध कराना है।
 
सिडबी के अध्यक्ष रमण ने बताया कि उभरते सितारे फंड का उद्देश्य विनिर्माण और सेवा क्षेत्र के छोटे व मझोले उद्यमों सहायता देना और उनके विकास में सहयोग करना है। उभरते सितारे फंड उन उद्यमों की सहायता करेगा जिनमें निर्यात की अच्छी संभावनाएं हैं। इस अवसर पर सिडबी के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक ने देश में खासकर उत्तर प्रदेश में एमएसएमई के संवर्धन के लिए पिछले दिनों शुरू की गई कई महत्त्वपूर्ण पहलों पर प्रकाश डाला। उन्होंने इस बताया कि सिडबी क्रेडिट-प्लस के जरिये देश में एमएसएमई क्षेत्र के विकास को आसान बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। 
 
गौरतलब है कि केंद्रीय वित्त मंत्री ने उभरते सितारे कार्यक्रम (यूएसपी) की घोषणा पिछले साल के अपने बजट भाषण में की थी। इस कार्यक्रम के अंतर्गत उन कंपनियों को चिह्नित किया जाता है, जो आने वाले कल की निर्यात चैंपियन हो सकती हैं और जिनमें वैश्विक मांगों को पूरा करने की प्रबल संभावनाएं हैं। यूएसपी कार्यक्रम के तहत उभरते सितारे नाम से वैकल्पिक निवेश फंड बनाया गया है। इस फंड में सिडबी और इंडिया एक्जिम बैंक ने 40-40 करोड़ रुपये का अंशदान किया है। इस फंड को इसी साल जुलाई में सेबी के साथ रजिस्टर कर लिया गया है। इस फंड की शुरुआती राशि 250 करोड़ रुपये रखी गई है जबकि 250 करोड़ रुपये का ही ग्रीन शू ऑप्शन रखा गया है।
 
इस अवसर पर इंडिया एक्जिम बैंक की उप प्रबंध निदेशक हर्षा बंगारी ने बताया कि बैंक ने किस तरह कोविड-19 महामारी के बीच यूएसपी का परिचालन शुरू किया और प्रमुख अकादमिक संस्थानों, वाणिज्य मंडलों, उद्योग निकायों के साथ साझेदारी बढ़ाई है। उत्तर प्रदेश के लघु उद्यम मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा कि प्रदेश में कोविड की चुनौती के बावजूद 70 लाख नई इकाइयां खुली हैं और 2.6 करोड़ लोगों को प्रदेश में छोटे व मझोले उद्योगों में रोजगार मिला है। उन्होंने कहा कि कोविड काल में भी प्रदेश सरकार ने छोटी व मझोली इकाइयों को 73,000 करोड़ रुपये का कर्ज बांटा है जो पहले महज 28,000 करोड़ रुपये सालाना हुआ करता था।

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First Published - August 21, 2021 | 6:05 PM IST

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