facebookmetapixel
Advertisement
महंगाई को नियंत्रित करने के लिए बफर स्टॉक, जरूरत पड़ने पर नीतियों में भी किया जा रहा बदलाव: सरकार8th Pay Commission: डेटा जमा करने की तारीख खत्म, पर कब तक आएगी सैलरी बढ़ाने वाली रिपोर्ट?कोटक महिंद्रा AMC का नया इंडेक्स फंड लॉन्च, 17 अगस्त तक खुला रहेगा NFOExplainer: क्या शेयर बाजार, म्युचुअल फंड में निवेश करने वालों को भी रिटायरमेंट के लिए पेंशन स्कीम की जरूरत है?रेलवे से लेकर टैक्स, बैंकिंग तक… 1 अगस्त से हुए बदलावों का कैसे होगा असर?NRI Banking: विदेश में रहते हुए भी इस्तेमाल कर सकते हैं भारतीय मोबाइल नंबर? जानिए बैंकिंग के जरूरी नियम31 जुलाई से पहले भरा था ITR पर हो गई गलती? एक्सपर्ट से समझें कैसे कर सकते हैं सुधारRBI MPC: EMI बढ़ेगी या मिलेगी राहत? RBI की मीटिंग से क्या हैं उम्मीदेंITC Share Price: Q1 नतीजों के बाद शेयर में आई रफ्तार, 4% उछला स्टॉक; ब्रोकरेज ने बढ़ाया टारगेट प्राइसजुलाई में ज्यादा बारिश का असर, खरीफ रकबा में कमी घटकर 3% से भी कम

कौरइया में एसईसीएल की नई खदान

Advertisement
Last Updated- December 10, 2022 | 7:15 PM IST

देश की सबसे बड़ी कोयला उत्पादन कंपनी साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स (एसईसीएल) छत्तीसगढ़ के कौरइया जिले में एक भूमिगत कोयला खदान खोलेगी।
कंपनी के प्रवक्ता आलोक सिन्हा ने बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया कि विजय वेस्ट नाम के इस कोयला खदान में 5 लाख मिट्रिक टन कोयला है और इसकी अवधि 26 साल होगी। उन्होंने बताया कि इस कोयला खदान के जरिए कंपनी की भूमिगत कोयला खदानों से होने वाले कोयला उत्पादन 6 फीसदी बढ़ेगा।
एसईसीएल कोल इंडिया लिमिटेड की 8 सब्सिडी इकाइयों में से एक है और कंपनी की छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश में 93 खदान हैं। इनमें से 72 खदानें भूमिगत हैं और 20 खुली हैं जबकि एक मिश्रित खदान है। कंपनी के पास छत्तीसगढ़ में 40 भूमिगत खदानें, 12 खुली खदानें और एक मिश्रित खदान है।
एसईसीएल के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक एम पी दीक्षित ने चिरमिरी के सिंदुगढ़ इलाके में इस नए खदान का भूमिपूजन किया। इस खदान से उत्पादन अगले 6 से 8 महीनों में शुरू किया जाएगा।
 
सिन्हा ने बताया, ‘खदान में कोयला उत्पादन के लिए नवीनतम तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा।’ उन्होंने कहा कि इस कोयला खदान में उत्पादन शुरू होने से अगले वित्त वर्ष में कंपनी का उत्पादन बढ़ जाएगा।
कंपनी को 2007 में भारत सरकार की ओर मिनी रत्न से सम्मानित किया गया था। मौजूदा वित्त वर्ष के लिए कंपनी ने 10 करोड़ टन कोयले के उत्पादन का लक्ष्य तय किया है।

Advertisement
First Published - March 8, 2009 | 9:42 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement