facebookmetapixel
Advertisement
लखनऊ के कोचिंग सेंटर में लगी भीषण आग, 15 छात्रों के मौत की खबर; रेस्क्यू ऑपरेशन जारीमई में सुस्त पड़ी बुनियादी ढांचे की रफ्तार, कोर सेक्टर्स की ग्रोथ 7 महीने के निचले स्तर 0.5% पर आईचीन ने अमेरिका पर किया बड़ा पलटवार, लॉकहीड मार्टिन समेत 10 दिग्गज डिफेंस कंपनियों पर लगाया प्रतिबंधक्या टैरिफ पर झुकेगा अमेरिका? अन्य एशियाई देशों से बेहतर डील चाहता भारत, ग्रीर से बातचीत में लगाएगा दांवकौन हैं ‘किंग ऑफ द नॉर्थ’ एंडी बर्नहैम, जो ब्रिटेन के अगले प्रधानमंत्री की रेस में सबसे आगे चल रहे हैंDefence Exports: अमेरिकी हथियारों के विकल्प तलाश रहा यूएई, भारत से ब्रह्मोस खरीदने पर बातचीतTata MF NFO: बदलते सेक्टर ट्रेंड्स से कमाई का मौका, मल्टी-सेक्टर पैसिव FoF में ₹5000 से निवेश शुरूBJP का पहला बंगाल बजट: 1 लाख नौकरियां, DA में 20% इजाफा, अन्नपूर्णा योजना के लिए ₹36,000 करोड़; देखें बड़े ऐलानपश्चिम बंगाल सरकार ने DA/DR 20% बढ़ाया: इससे कर्मचारियों के ‘इन हैंड’ सैलरी में कितनी बढ़ोतरी होगी?क्या RBI बढ़ाने जा रहा है ब्याज दरें? MPC मिनट्स में मिले बड़े संकेत

किसानों के समर्थन में एपीएमसी बंद

Advertisement
Last Updated- December 14, 2022 | 8:25 PM IST

केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ मंगलवार को मुंबई कृषि उपज विपणन समिति (एपीएमसी) के पांच बाजार बंद रहे। माथाडी कामगार ने बंद का समर्थन किया। किसानों के साथ-साथ भारत बंद को  राष्ट्रवादी कांग्रेस, शेतकरी स्वभिमानी संघटना, प्रहार संघटना और शिवसेना पार्टी ने भी अपना समर्थन दिया। महाविकास आघाडी ने भी भारत बंद का समर्थन किया।
शिवसेना के प्रवक्ता संजय राउत ने कहा कि किसानों के लिए सभी ने समर्थन दिया है। जहां भाजपा सरकार है, वहां भी भारत बंद के लिए लोगो ने समर्थन दिया है। इसमे कोई राजनीति नही है।
दिल्ली की सीमा पर किसानों का पिछले 13 दिन से आंदोलन जारी है। नए कृषि कानूनों के खिलाफ यह आंदोलन हो रहा है। मुंबई परिवहन की जीवन रेखा बेस्ट बस सेवा जारी रही, हालांकि टैक्सी और ऑटो रिक्शा पर कुछ असर दिखा। दादर सब्जी बाजार खुला रहा। पुणे कृषि बाजार, चाकण, ठाणे, नाशिक, पालघर, औरंगाबाद, कोल्हापुर, सोलापुर, पंढरपुर नंदुरबार जिले के छह कृषि बाजार बंद रहे।
कोल्हापुर में अत्यावश्यक सेवा को छोड़कर शेष दुकानें बंद रहीं। महाराष्ट्र राज्य की एसटीबस सेवा जारी रही। प्रहार संगठन के नेता अपने कार्यकर्ताओं के साथ दिल्ली जा रहे है। शेतकरी संगठन के नेता राजू शेट्टी ने भी कृषि कानूनों पर विरोध जताया है।

Advertisement
First Published - December 9, 2020 | 12:40 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement