facebookmetapixel
Advertisement
कार से लेकर बाइक तक बंपर बिक्री, जानें मोतीलाल ओसवाल ने किस Auto Stock पर दी BUY की सलाहFractal Analytics vs Aye Finance IPO: किसमें कमाई का मौका, किसमें छुपा है बड़ा खतरा?Stocks to Watch Today: Titan, BSE, Aurobindo समेत ये शेयर रहेंगे फोकस मेंStock Market Today: दुनियाभर में तेजी का माहौल, भारतीय शेयर बाजार में भी बढ़त के संकेतलोक सभा अध्यक्ष के खिलाफ प्रस्ताव लाने की तैयारी में विपक्ष, राहुल गांधी की मांग पर अड़ी विपक्षी पार्टियां16वें वित्त आयोग की नई अंतरण व्यवस्था: राज्यों के लिए फायदे-नुकसान और उठते सवालAI Impact Summit 2026: पंजीयन के नाम पर वसूली से बचें, इंडिया AI मिशन ने जारी किया अलर्टहिंद महासागर में भारत का बड़ा कदम: सेशेल्स के लिए 17.5 करोड़ डॉलर के आर्थिक पैकेज का ऐलानIndia AI Impact Summit 2026: दिल्ली के लग्जरी होटलों में रेट्स आसमान पर, स्वीट्स 30 लाख रुपये तकफार्मा दिग्गजों की हुंकार: चीन से मुकाबले के लिए भारतीय दवा नियमों में बड़े सुधार की जरूरत

Brickwork को बोर्ड मजबूत बनाने, पेशेवर सीईओ नियुक्त करने का आदेश

Advertisement

SEBI ने यह कदम SAT के उस निर्देश के बाद उठाया है, जिसमें नियामक को नया आदेश जारी करने को कहा गया है।

Last Updated- September 14, 2023 | 10:27 PM IST
Adani bribery case: Adani Group on SEBI's radar, may investigate violation of disclosure rules SEBI की रडार पर अदाणी ग्रुप, डिस्क्लोजर नियमों के उल्लंघन की कर सकती है जांच

बाजार नियामक सेबी ने ब्रिकवर्क रेटिंग्स को अपना बोर्ड मजबूत बनाने, नया स्वतंत्र प्रोफेशनल सीईओ और चेयरपर्सन के तौर पर स्वतंत्र निदेशक की नियुक्ति का निर्देश दिया है। प्रतिभूति अपील पंचाट (सैट) की तरफ से अक्टूबर 2022 में बाजार नियामक की तरफ से जारी आदेश रद्द किए जाने के बाद संशोधित आदेश आया है, जिसमें क्रेडिट रेटिंग एजेंसी के तौर पर ब्रिकवर्क का लाइसेंस रद्द कर दिया गया था। कुछ उल्लंघनों की पुष्टि करते हुए पंचाट ने यह मामला सेबी के पास भेज दिया था ताकि वह नया आदेश जारी कर सके।

सेबी ने रेटिंग एजेंसी को बोर्ड में निदेशकों की संख्या मौजूदा 5 से नौ करने का निर्देश दिया है, जिनमें सभी नए सदस्य संस्थापक सदस्यों से संबंध नहीं रखते हों। साथ ही एजेंसी को रेटिंग समितियों व रेटिंग प्रक्रियाओं से संस्थापक प्रबंधकीय सदस्यों को अलग करने का आदेश दिया है।

ब्रिकवर्क को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि उसके मुख्य नियामकीय अधिकारी, विश्लेषक व रेटिंग प्रक्रिया में शामिल अन्य व्यक्तियों को अच्छी तरह से प्रशिक्षण मिला हो। क्रेडिट रेटिंग एजेंसी पर नए क्लाइंटों को जोड़ने या मौजूदा क्लाइंटों से नया काम लेने पर छह महीने या निर्देशों के संतोषजनक अनुपालन सुनिश्चित करने तक पाबंदी रहेगी।

आदेश में कहा गया है, पहली व दूसरी जांच के बाद उठाए गए उपचारात्मक कदमों का इच्छित असर नजर नहीं आया क्योंकि तीसरी जांच में भी उसी तरह का उल्लंघन पाया गया। ऐसे में नए क्लाइंटों को जोड़ने पर पाबंदी कुछ और समय तक जारी रखे जाने की दरकार है। नया आदेश सेबी के पूर्णकालिक सदस्य अश्विनी भा​टिया ने जारी किया है और उन्होंने कहा कि बाजार नियामक अनुपालन की जांच के लिए पांच महीने बाद समीक्षा करेगा।

ब्रिकवर्क ने सेबी को सूचित किया था कि उसके प्रबंध निदेशक विवेक कुलकर्णी ने 1 जुलाई को इस्तीफा दे दिया था और वह रेटिंग की गुणवत्ता, प्रक्रिया में सुधार, ऑटोमेशन व नीतियों में संशोधन पर काम कर रही है।

Advertisement
First Published - September 14, 2023 | 10:27 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement