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Bata India के शेयर में तेजी, प्रीमियम पोर्टफोलियो और सुधार पर नजर

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वैल्यू सेगमेंट में सुधार और नई पेशकशों से कंपनी की मांग बढ़ने की उम्मीद

Last Updated- June 12, 2024 | 10:29 PM IST
बाटा इंडिया के शेयर में तेजी, प्रीमियम पोर्टफोलियो और सुधार पर नजर, Gains for Bata hinge on recovery hopes, rising premium portfolio

बाटा इंडिया का शेयर महीने की शुरुआत से सूचीबद्ध फुटवियर कंपनियों में सबसे ज्यादा चढ़ा है। वैल्यू सेगमेंट में सुधार, नई पेशकश और खपत बढ़ाने के लिए नई सरकार द्वारा किए जाने वाले प्रयासों की उम्मीद में इस शेयर में तेजी आई है।

आम जन के बाजार में सुस्ती की वजह से तीसरी सबसे बड़ी बाजार पूंजीकरण वाली फुटवियर निर्माता बाटा पिछली कुछ तिमाहियों के दौरान प्रतिस्प​र्धियों से पीछे रही है। यह शेयर इस महीने करीब आठ प्रतिशत तक बढ़ा है और अपने प्रतिस्प​र्धियों के साथ साथ बेंचमार्कों के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन करने में सफल रहा है।

हालांकि कंपनी के मार्च तिमाही के नतीजों पर वितरण व्यवसाय और कम कीमत वाले उत्पादों की श्रेणी का असर पड़ा। लेकिन प्रबंधन का मानना है कि आम जन के बाजार में सुधार के संकेत दिखे हैं। खासकर मझोले और छोटे शहरों में खपत सुधारने के लिए सरकारी नीतियों से बाटा जैसी कंपनियों के लिए मांग सुधारने में मदद मिल सकती है।

1,000 रुपये से कम कीमत वाले जूते-चप्पल बाजार का कंपनी के राजस्व में करीब 30 प्रतिशत योगदान है। फुटवियर कंपनी के लिए अन्य सकारात्मक बदलाव उसके प्रीमियम रेंज के उत्पादों की मांग में सुधार आना है।

भले ही कमजोर आम बाजार की वजह से संपूर्ण राजस्व वृद्धि 2.5 प्रतिशत तक सीमित रही हो, लेकिन रेड लेबल, ​कॉ​मफिट, पावर, एचपी और फ्लोट्ज जैसे प्रीमियम ब्रांडों का प्रदर्शन लगातार बेहतर रहा।

कंपनी में प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्या​धिकारी गुंजन शाह ने संकेत दिया कि हश पप्पीज और फैशन रिटेलर नाइन वेस्ट जैसे अंतरराष्ट्रीय गठजोड़ों के साथ प्रीमियम पेशकशों के विस्तार से उसके महंगे सेगमेंट को मजबूती मिल रही है। मार्च तिमाही में नाइन वेस्ट पेश करने वाली कंपनी के अब 40 स्टोर हैं और प्रबंधन ने इस साल दिसंबर तक स्टोरों की संख्या बढ़ाकर 70 करने का लक्ष्य रखा है।

बेहतर मिश्रण की मदद से कंपनी ने एक साल पहले की तिमाही के मुकाबले अपना सकल मार्जिन 160 आधार अंक और तिमाही आधार पर 405 आधार अंक तक बढ़ाकर 60 प्रतिशत किया है। हालांकि सकल मार्जिन में सुधार आया है, लेकिन परिचालन स्तर पर वृद्धि बरकरार नहीं रह पाई क्योंकि मार्जिन 54 आधार अंक तक घटकर 22.5 प्रतिशत रह गया।

ऊंचे विज्ञापन खर्च, बढ़ती आईटी लागत और परिचालन लाभ के अभाव से परिचालन मुनाफा मार्जिन प्रभावित हुआ। शेयरखान रिसर्च का मानना है कि कमजोर डिस्क्रेशनरी मांग की वजह से अल्पाव​धि परिदृश्य प्रभावित हुआ है वहीं बढ़ती प्रतिस्पर्धा से मार्जिन पर दबाव बढ़ रहा है।

कंपनी दीर्घाव​धि में दो अंक वृद्धि की उम्मीद कर रही है।उसे प्रीमियमाइजेशन यानी महंगे उत्पादों के बढ़ते चलन और फ्रैंचाइजी विकल्प के जरिये विस्तार का लाभ मिलने की उम्मीद है। शेयरखान रिसर्च ने इस शेयर के लिए 1,470 रुपये कीमत लक्ष्य के साथ ‘होल्ड’ रेटिंग दी है।

आईसीआईसीआई रिसर्च ने भी 1,350 रुपये के कीमत लक्ष्य के साथ ‘हो​ल्ड’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज के विश्लेषक वरुण सिंह का मानना है कि बाटा द्वारा प्रीमियम उत्पादों पर ध्यान बढ़ाने, वितरण का दायरा मजबूत करने जैसे उपाय सही दिशा में उठाए जा रहे कदम हैं।

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First Published - June 12, 2024 | 10:29 PM IST

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