शेयर बाजार में निवेश करने वालों के लिए अगला हफ्ता काफी हलचल भरा रहने वाला है। अगर आप भी स्टॉक्स में पैसा लगाते हैं, तो यह खबर आपके काम की है। फरवरी के आखिरी हफ्ते में दो बड़ी कंपनियां अपने शेयरों का बंटवारा (Stock Split) करने जा रही हैं। इनमें दिग्गज ब्रोकरेज फर्म ‘एंजेल वन’ और फाइनेंस सेक्टर की कंपनी ‘फिंक्स कैपिटल’ (Fynx Capital) शामिल हैं।
बता दें कि कंपनियों द्वारा स्टॉक स्प्लिट करने का मुख्य उद्देश्य अपने शेयरों की कीमत को कम करना होता है, ताकि छोटे और रिटेल निवेशक भी उनमें आसानी से निवेश कर सकें। जब किसी शेयर की कीमत बहुत ज्यादा बढ़ जाती है, तो वह आम निवेशकों की पहुंच से बाहर होने लगता है। ऐसे में कंपनी अपनी फेस वैल्यू को टुकड़ों में बांट देती है, जिससे शेयरों की संख्या बढ़ जाती है और भाव कम हो जाता है।
अगले हफ्ते होने वाले इस कॉरपोरेट एक्शन के लिए फिंक्स कैपिटल और एंजेल वन दोनों ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। निवेशकों को इन शेयरों का फायदा उठाने के लिए एक्स-डेट और रिकॉर्ड डेट पर नजर रखनी होगी।
फिंक्स कैपिटल के निवेशकों के लिए 25 फरवरी 2026 की तारीख बेहद अहम है। कंपनी ने स्टॉक स्प्लिट के लिए 25 फरवरी 2026 को ही ‘एक्स-डेट’ (Ex-Date) और ‘रिकॉर्ड डेट’ तय की है। BSE पर मौजूद जानकारी के अनुसार, कंपनी अपने 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले एक शेयर को 10 टुकड़ों में बांटने जा रही है। इसका मतलब है कि स्प्लिट के बाद शेयर की नई फेस वैल्यू 1 रुपये हो जाएगी। अगर आपके पास इस कंपनी का 1 शेयर है, तो रिकॉर्ड डेट के बाद वह बढ़कर 10 शेयर हो जाएगा।
ब्रोकरेज सेक्टर की जानी-मानी कंपनी एंजेल वन के शेयरों में भी अगले हफ्ते बड़ा बदलाव दिखने वाला है। कंपनी ने अपने शेयरों के स्प्लिट के लिए 26 फरवरी 2026 की तारीख तय की है। डेटा के मुताबिक, 26 फरवरी ही इस स्टॉक के लिए एक्स-डेट और रिकॉर्ड डेट दोनों होगी। एंजेल वन भी 1:10 के अनुपात में शेयर बांट रही है। यानी 10 रुपये की फेस वैल्यू वाला स्टॉक अब 1 रुपये की फेस वैल्यू पर ट्रेड करेगा। जिन निवेशकों के पास रिकॉर्ड डेट तक कंपनी के शेयर होंगे, उनके पोर्टफोलियो में शेयरों की संख्या 10 गुना बढ़ जाएगी।
मार्केट एक्सपर्ट के मुताबिक, निवेशकों को ध्यान देना चाहिए कि स्टॉक स्प्लिट से आपके कुल निवेश की वैल्यू में तुरंत कोई बदलाव नहीं आता है, लेकिन बाजार में लिक्विडिटी यानी शेयरों की उपलब्धता बढ़ जाती है। अगले हफ्ते होने वाले इन बदलावों के कारण इन दोनों स्टॉक्स में ट्रेडिंग वॉल्यूम बढ़ने की पूरी संभावना है।