facebookmetapixel
Health Insurance: हेल्थ इंश्योरेंस खरीदते समय अधिकतर लोग क्या गलती करते हैं?दिल्ली की हवा इतनी खराब कैसे हुई? स्टडी में दावा: राजधानी के 65% प्रदूषण के लिए NCR व दूसरे राज्य जिम्मेदारExplainer: 50 शहरों में हिंसा, खामेनेई की धमकी और ट्रंप की चेतावनी…ईरान में आखिर हो क्या रहा है?Credit Card Tips: बिल टाइम पर चुकाया, फिर भी गिरा CIBIL? ये है चुपचाप स्कोर घटाने वाला नंबर!आस्था का महासैलाब: पौष पूर्णिमा के स्नान के साथ शुरू हुआ माघ मेला, 19 लाख श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी2026 में हिल सकती है वैश्विक अर्थव्यवस्था, एक झटका बदल देगा सब कुछ…रॉबर्ट कियोसाकी ने फिर चेतायाKotak Mahindra Bank का निवेशकों को जबरदस्त तोहफा: 1:5 में होगा स्टॉक स्प्लिट, रिकॉर्ड डेट फिक्सकनाडा ने एयर इंडिया को दी कड़ी चेतावनी, नियम तोड़ने पर उड़ान दस्तावेज रद्द हो सकते हैंट्रंप का दावा: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी गिरफ्त में; हवाई हमलों की भी पुष्टि कीHome Loan: होम लोन लेने से पहले ये गलतियां न करें, वरना एप्लीकेशन हो सकती है रिजेक्ट

टॉप ग्लोबल कंपनियां माल के लिए भारतीय खिलौना विनिर्माताओं के संपर्क में: अधिकारी

Last Updated- April 12, 2023 | 5:04 PM IST
toys

अमेरिका और यूरोप के शीर्ष वैश्विक खुदरा विक्रेताओं ने भारतीय खिलौना विनिर्माताओं से माल खरीदने के लिए संपर्क किया है। एक सरकारी अधिकारी ने बताया कि इन कंपनियों ने अनुपालन संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए भारतीय विनिर्माताओं की मदद करने का भरोसा भी दिया है।

अधिकारी ने कहा कि ये खुदरा दिग्गज भारत से बड़े पैमाने पर खिलौने खरीदना चाह रहे हैं। गौरतलब है कि उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) खिलौनों के घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए कई कदम उठा रहा है।

DPIIT अनुपालन प्रावधानों को पूरा करने के लिए भारतीय विनिर्माताओं की मदद भी कर रहा है। इस बारे में पूछने पर प्लेग्रो टॉयज इंडिया के प्रवर्तक और टॉय एसोसिएशन ऑफ इंडिया के चेयरमैन मनु गुप्ता ने कहा कि अमेरिका के एक रिटेलर ने राइड-ऑन तथा आउटडोर खिलौने और मैकेनिकल तथा इलेक्ट्रिकल खिलौनों सहित तीन मुख्य श्रेणियों में खिलौने खरीदने के लिए उद्योग से संपर्क किया है।

उन्होंने कहा कि DPIIT के अधिकारी उद्योग जगत को इन वैश्विक कंपनियों से जुड़ने और ऑर्डर हासिल करने में मदद कर रहे हैं। ये कंपनियां उनसे सामान खरीदती हैं, जो उनके उत्पाद और सामाजिक अनुपालन को पूरा करती हैं। उन्होंने कहा कि अबतक 82 भारतीय कंपनियों ने इस कवायद का हिस्सा बनने के लिए दिलचस्पी दिखाई है।

यह भी पढ़ें : एविएशन इंडस्ट्री सुधार के रास्ते, 2022-23 में यात्रियों की संख्या 60 फीसदी बढ़ी : रिपोर्ट

उन्होंने कहा, ‘इटली की एक फर्म ने भी भारत से सोर्सिंग के लिए हमसे संपर्क किया है।’ गुप्ता ने कहा कि यह क्षेत्र वैश्विक बाजारों में मांग में कमी और भारतीय ब्रांड को बढ़ावा देने से संबंधित कुछ मुद्दों का सामना कर रहा है। देश का खिलौना निर्यात अप्रैल-दिसंबर 2022-23 के दौरान 1,017 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इससे पहले 2021-22 में निर्यात 2,601 करोड़ रुपये था।

First Published - April 12, 2023 | 5:04 PM IST

संबंधित पोस्ट