facebookmetapixel
Health Insurance: हेल्थ इंश्योरेंस खरीदते समय अधिकतर लोग क्या गलती करते हैं?दिल्ली की हवा इतनी खराब कैसे हुई? स्टडी में दावा: राजधानी के 65% प्रदूषण के लिए NCR व दूसरे राज्य जिम्मेदारExplainer: 50 शहरों में हिंसा, खामेनेई की धमकी और ट्रंप की चेतावनी…ईरान में आखिर हो क्या रहा है?Credit Card Tips: बिल टाइम पर चुकाया, फिर भी गिरा CIBIL? ये है चुपचाप स्कोर घटाने वाला नंबर!आस्था का महासैलाब: पौष पूर्णिमा के स्नान के साथ शुरू हुआ माघ मेला, 19 लाख श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी2026 में हिल सकती है वैश्विक अर्थव्यवस्था, एक झटका बदल देगा सब कुछ…रॉबर्ट कियोसाकी ने फिर चेतायाKotak Mahindra Bank का निवेशकों को जबरदस्त तोहफा: 1:5 में होगा स्टॉक स्प्लिट, रिकॉर्ड डेट फिक्सकनाडा ने एयर इंडिया को दी कड़ी चेतावनी, नियम तोड़ने पर उड़ान दस्तावेज रद्द हो सकते हैंट्रंप का दावा: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी गिरफ्त में; हवाई हमलों की भी पुष्टि कीHome Loan: होम लोन लेने से पहले ये गलतियां न करें, वरना एप्लीकेशन हो सकती है रिजेक्ट

Trump tariffs: चीन पर ट्रंप का टैरिफ वार, शुल्क बढ़ाकर 145% किया; बाजार में हड़कंप

व्हाइट हाउस ने कहा है कि चीन से आयातित वस्तुओं पर अमेरिका द्वारा लगाए गए नए और कड़े टैरिफ गुरुवार (10 अप्रैल) से प्रभावी हो गए हैं।

Last Updated- April 11, 2025 | 8:59 AM IST
Trump and Xi Jinping

अमेरिका ने चीन से आयात होने वाली वस्तुओं पर टैरिफ और बढ़ा दिया है। व्हाइट हाउस ने कहा है कि चीन से आयातित वस्तुओं पर अमेरिका द्वारा लगाए गए नए और कड़े टैरिफ गुरुवार (10 अप्रैल) से प्रभावी हो गए हैं। ये शुल्क अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप (Donald Trump) की पहल पर लगाए गए हैं और कुछ खास वस्तुओं पर कुल अतिरिक्त शुल्क अब 145% तक पहुंच गया है।

ट्रंप ने चीन पर दबाव और बढ़ाते हुए कुछ आयातित वस्तुओं पर 125% का नया टैरिफ लगाया है। ये नए शुल्क इस साल की शुरुआत में लगाए गए 20% शुल्क के अतिरिक्त हैं, जो कथित रूप से चीन के फेंटानिल ट्रेड (fentanyl trade) से जुड़े होने के आरोपों के चलते लगाए गए थे।

कुछ चुनिंदा उत्पादों पर लागू होगा 125% टैरिफ

इस कदम के बाद कुछ चीनी उत्पादों पर कुल मिलाकर टैरिफ का बोझ 145% तक पहुंच गया है, जिसमें पिछली सरकारों द्वारा लगाए गए शुल्क भी शामिल हैं जो अब तक बरकरार हैं। हालांकि, नया 125% टैरिफ सभी उत्पादों पर लागू नहीं होता। इसमें स्टील और एल्यूमीनियम जैसे प्रमुख सेक्टर शामिल नहीं हैं, साथ ही ऑटोमोबाइल्स भी इससे बाहर रखे गए हैं। इन सेक्टर्स पर पहले से ही अलग व्यापार उपायों के तहत 25% का शुल्क लगाया गया है।

कॉपर, फार्मास्यूटिकल्स, सेमीकंडक्टर्स, लकड़ी और ऊर्जा उत्पाद जैसे अन्य सेक्टरों को फिलहाल इस लिस्ट से बाहर रखा गया है। हालांकि ट्रंप ने संकेत दिया है कि भविष्य की कार्रवाई में इन्हें भी शामिल किया जा सकता है।

Also read: अमेरिकी टैरिफ के डर से मूडीज ने भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान घटाया

Trump ने बाकी देशों को दी 90 दिन की मोहलत

अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने 75 से ज्यादा देशों पर लगने वाले टैरिफ को 90 दिनों के लिए टाल दिया है। उन्होंने कहा कि यह फैसला इन देशों के साथ नए सिरे से व्यापार वार्ता शुरू करने के मद्देनजर लिया गया है। हालांकि, इस छूट में चीन को शामिल नहीं किया गया है।

ऐसे में भारत इसे अमेरिका के साथ प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते को नए सिरे से आगे बढ़ाने तथा पहले चरण को जल्द से जल्द अंतिम रूप देने के अवसर के रूप में देख रहा है। फरवरी में हुई बैठक के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने दोनों देशों के लिए लाभकारी द्विपक्षीय व्यापार करार के पहले चरण को साल के अंत तक अंतिम रूप देने के इरादे की घोषणा की थी।

अमेरिकी बाजारों में गिरावट जारी

व्हाइट हाउस द्वारा स्पष्ट किए जाने के बाद कि चीन से आयात पर टैरिफ 125% नहीं बल्कि 145% होगी। अमेरिकी शेयर बाजारों में गिरावट और बढ़ गई। बुधवार की ऐतिहासिक तेजी के बाद गुरुवार को बाजार पलट गए, क्योंकि निवेशक एक बार फिर व्यापार युद्ध के जोखिम को लेकर सतर्क हो गए।

गुरुवार को S&P 500 इंडेक्स में 5% की गिरावट दर्ज की गई। डाउ जोंस इंडस्ट्रियल एवरेज 1,746 अंक गिर गया, जबकि नैस्डैक कंपोजिट इंडेक्स में 5.8% की भारी गिरावट आई।

First Published - April 11, 2025 | 8:59 AM IST

संबंधित पोस्ट