facebookmetapixel
भारत-अमेरिका समझौते में क्यों हो रही देरी? जानिए अड़चनें और वजहेंStock Market: सेंसेक्स-निफ्टी में लगातार तीसरे दिन गिरावट, वजह क्या है?राज्यों का विकास पर खर्च सच या दिखावा? CAG ने खोली बड़ी पोल2026 में शेयर बाजार के बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद, ABSL AMC का 10-12% रिटर्न का अनुमाननिवेश के 3 बड़े मिथ टूटे: न शेयर हमेशा बेहतर, न सोना सबसे सुरक्षित, न डायवर्सिफिकेशन नुकसानदेहजोमैटो और ब्लिंकिट की पैरेट कंपनी Eternal पर GST की मार, ₹3.7 करोड़ का डिमांड नोटिस मिलासरकार ने जारी किया पहला अग्रिम अनुमान, FY26 में भारत की अर्थव्यवस्था 7.4% की दर से बढ़ेगीDefence Stocks Rally: Budget 2026 से पहले डिफेंस शेयरों में हलचल, ये 5 स्टॉक्स दे सकते हैं 12% तक रिटर्नTyre Stock: 3-6 महीने में बनेगा अच्छा मुनाफा! ब्रोकरेज की सलाह- खरीदें, ₹4140 दिया टारगेटकमाई अच्छी फिर भी पैसा गायब? जानें 6 आसान मनी मैनेजमेंट टिप्स

शेख हसीना और अवामी लीग के 45 नेताओं के खिलाफ एक्शन, अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण ने जारी किया वारंट

न्यायाधिकरण ने संबंधित अधिकारियों को हसीना सहित 45 अन्य को 18 नवंबर तक गिरफ्तार कर उसके समक्ष पेश करने का भी निर्देश दिया।

Last Updated- October 17, 2024 | 10:14 PM IST
Bangladesh PM Sheikh Hasina

बांग्लादेश के अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण ने हाल में छात्रों के व्यापक आंदोलन के दौरान मानवता के विरुद्ध कथित अपराध के लिए पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना और अवामी लीग के अन्य शीर्ष नेताओं सहित 45 लोगों के खिलाफ गुरुवार को गिरफ्तारी वारंट जारी किया।

‘ढाका ट्रिब्यून’ अखबार के अनुसार, 77 वर्षीय हसीना और उनकी पार्टी अवामी लीग के शीर्ष नेताओं सहित अन्य के खिलाफ वारंट पुनर्गठित न्यायाधिकरण द्वारा शुरू की गई न्यायिक कार्यवाही के पहले दिन जारी किए गए।

मुख्य अभियोजक मोहम्मद ताजुल इस्लाम के हवाले से ‘डेली स्टार’ ने अपनी खबर में बताया कि न्यायाधिकरण के अध्यक्ष न्यायाधीश मोहम्मद गुलाम मुर्तजा मजूमदार की अध्यक्षता वाले न्यायाधिकरण ने यह आदेश पारित किया।

अभियोजन पक्ष ने इस संबंध में न्यायाधिकरण में दो याचिकाएं दायर की थीं और उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी करने की अपील की थी।

उन्होंने कहा कि न्यायाधिकरण ने संबंधित अधिकारियों को हसीना सहित 45 अन्य को 18 नवंबर तक गिरफ्तार कर उसके समक्ष पेश करने का भी निर्देश दिया। अब तक हसीना, उनकी अवामी लीग पार्टी और 14 दलों के गठबंधन के अन्य नेताओं, पत्रकारों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के पूर्व शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ न्यायाधिकरण में जबरन गायब करने, हत्या और सामूहिक हत्याओं की 60 से अधिक शिकायतें दर्ज की गई हैं।

सरकारी नौकरियों में विवादास्पद कोटा प्रणाली को लेकर अभूतपूर्व सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बाद हसीना ने प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया और भारत चली गईं। माना जाता है कि वह वर्तमान में वहां किसी अज्ञात स्थान पर रह रही हैं।

हसीना सरकार के पतन के बाद देश भर में भड़की हिंसा की घटनाओं में बांग्लादेश में सैकड़ों लोग मारे गए, जिससे सरकारी नौकरियों में विवादास्पद आरक्षण प्रणाली के खिलाफ जुलाई के मध्य में छात्रों द्वारा शुरू किए गए बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन के बाद से मरने वालों की संख्या 1,000 से अधिक हो गई है।

आठ अगस्त को कार्यभार संभालने के बाद बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने कहा था कि वह हसीना के नेतृत्व वाली सरकार के खिलाफ छात्रों के बड़े पैमाने पर आंदोलन के दौरान हुई हत्याओं में शामिल लोगों के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण में मुकदमा चलाएगी। हसीना पर लगभग 200 मामले दर्ज हैं, जिनमें से अधिकतर मामले सामूहिक छात्र विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई हत्याओं से संबंधित हैं।

First Published - October 17, 2024 | 10:14 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट