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चाबहार बंदरगाह बहाल करने के लिए सरकार कर रही बात

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Last Updated- December 11, 2022 | 5:10 PM IST

इंटरनैशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर (आईएनएसटीसी) पर तेजी से चल रहे विचार-विमर्श के बीच भारत निष्क्रिय पड़े ईरान के चाबहार बंदरगाह से कारोबार बढ़ाने की संभावनाएं तलाश रहा है। केंद्रीय मंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने रविवार को मध्य एशियाई देशों के राजदूतों को संबोधित करते हुए चाबहार को मुक्त व्यापार मार्ग बनाकर कारोबार बढ़ाने पर जोर दिया।
राजदूतों और उद्योग से सोनोवाल ने कहा, ‘एक बार अगर हम इस मार्ग का इस्तेमाल व्यापार के लिए करने लगेंगे, हम अपनी ढुलाई की लागत को कम करने में सक्षम होंगे। इससे धन और वक्त बचेगा और एक सस्ते, तेज और कम दूरी के माध्यम से दो इलाकों के बीच कारोबार करने में मदद मिलेगी। मैं चाहता हूं कि आप इसे आप अवसर के रूप मे लें और आप सभी से अनुरोध है कि यह संदेश आगे बढ़ाएं जिससे कि इस अवसर एवं क्षमता के बारे में कारोबारी समुदाय जागरूक हो और इस मार्ग को खोला जा सके।’
मंत्री ने चाबहार दिवस के मौके पर यह टिप्पणी की। रूस यूक्रेन के बीच टकराव के कारण इसमें हिस्सेदारों की दिलचस्पी बढ़ी है। भारत इस समय रूस और मध्य एशिया के साथ द्विपक्षीय कारोबार के अवसर तलाश रहा है। इस बैठक में ईरान, तुर्कमेनिस्तान, उजबेकिस्तान, ताजिकिस्तान, किर्गिस्तान और कजाकिस्तान के राजदूरों ने हिस्सा लिया। इस मामले से जुड़े एक भारतीय अधिकारी ने बिजनेस स्टैंडर्ड से कहा कि व्यापार के मामले में द्विपक्षीय रूप से काम करने की जरूरत है।

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First Published - August 1, 2022 | 12:29 AM IST

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