facebookmetapixel
Q3 Results: DLF का मुनाफा 13.6% बढ़ा, जानें Zee और वारी एनर्जीज समेत अन्य कंपनियों का कैसा रहा रिजल्ट कैंसर का इलाज अब होगा सस्ता! Zydus ने भारत में लॉन्च किया दुनिया का पहला निवोलुमैब बायोसिमिलरबालाजी वेफर्स में हिस्से के लिए जनरल अटलांटिक का करार, सौदा की रकम ₹2,050 करोड़ होने का अनुमानफ्लाइट्स कैंसिलेशन मामले में इंडिगो पर ₹22 करोड़ का जुर्माना, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हटाए गएIndiGo Q3 Results: नई श्रम संहिता और उड़ान रद्द होने का असर: इंडिगो का मुनाफा 78% घटकर 549 करोड़ रुपये सिंडिकेटेड लोन से भारतीय कंपनियों ने 2025 में विदेश से जुटाए रिकॉर्ड 32.5 अरब डॉलरग्रीनलैंड, ट्रंप और वैश्विक व्यवस्था: क्या महा शक्तियों की महत्वाकांक्षाएं नियमों से ऊपर हो गई हैं?लंबी रिकवरी की राह: देरी घटाने के लिए NCLT को ज्यादा सदस्यों और पीठों की जरूरतनियामकीय दुविधा: घोटालों पर लगाम या भारतीय पूंजी बाजारों का दम घोंटना?अवधूत साठे को 100 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश 

27 जून को समाप्त पखवाड़े में जमा और ऋण में सबसे तेज बढ़ोतरी, लेकिन सालाना लोन ग्रोथ अब भी सुस्त

बैंकों का ऋण सालाना आधार पर केवल 9.5% बढ़ा, जबकि जमा में 10.1% की तेजी आई, जिससे ऋण से ज्यादा जमा हुआ।

Last Updated- July 11, 2025 | 10:53 PM IST
Loan
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

चालू वित्त वर्ष (वित्त वर्ष 2026) के किसी भी पखवाड़े की तुलना में 27 जून को समाप्त पखवाड़े में बैंकिंग व्यवस्था में जमा और ऋण में सर्वाधिक वृद्धि हुई है।

भारतीय रिजर्व बैंक के आंकड़ों के मुताबिक इस अवधि के दौरान ऋण 1.69 लाख करोड़ रुपये और जमा 3.55 लाख करोड़ रुपये बढ़ा है। बहरहाल सालाना आधार पर बैंक ऋण वृद्धि सुस्त बनी हुई है और यह 9.5 प्रतिशत रही, जो पिछले साल की समान अवधि में हुई 17 प्रतिशत वृद्धि की तुलना में बहुत कम है। इसके विपरीत जमा में सालाना आधार पर 10.1 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और इसने एक बार फिर ऋण में हुई वृद्धि को पीछे छोड़ दिया है।  वित्त वर्ष 2026 में अब तक वृद्धिशील ऋण 2.39 लाख करोड़ रुपये और वृद्धिशील जमा 8.45 लाख करोड़ रुपये रहा है।

Also Read: वर्टिस इन्फ्रास्ट्रक्चर ट्रस्ट BOT और HAM मॉडल की कई सड़क परियोजनाओं के अधिग्रहण की बना रहा है योजना

इसके पहले के पखवाड़े (13 जून को समाप्त) में सालाना आधार पर ऋण वृद्धि  9.6 प्रतिशत थी, जबकि जमा वृद्धि 10.4 प्रतिशत थी।

30 मई को समाप्त पखवाड़े में ऋण वृद्धि सालाना आधार पर 3 साल के निचले स्तर 8.97 प्रतिशत पर थी, जबकि जमा वृद्धि 9.9 प्रतिशत थी। इसके पहले मार्च 2022 में ऋण वृद्धि 9 प्रतिशत से नीचे आई थी।

First Published - July 11, 2025 | 10:21 PM IST

संबंधित पोस्ट