facebookmetapixel
सिर्फ शेयरों में पैसा लगाया? HDFC MF की रिपोर्ट दे रही है चेतावनीIndia manufacturing PMI: जनवरी में आर्थिक गतिविधियों में सुधार, निर्माण और सर्विस दोनों सेक्टर मजबूतसोना, शेयर, बिटकॉइन: 2025 में कौन बना हीरो, कौन हुआ फेल, जानें हर बातट्रंप ने JP Morgan पर किया 5 अरब डॉलर का मुकदमा, राजनीतिक वजह से खाते बंद करने का आरोपShadowfax Technologies IPO का अलॉटमेंट आज होगा फाइनल, फटाफट चेक करें स्टेटसGold and Silver Price Today: सोना-चांदी में टूटे सारे रिकॉर्ड, सोने के भाव ₹1.59 लाख के पारSilver के बाद अब Copper की बारी? कमोडिटी मार्केट की अगली बड़ी कहानीAI विश्व शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे स्पेन के 80 विश्वविद्यालयों के रेक्टरभारत–कनाडा सहयोग को नई रफ्तार, शिक्षा और व्यापार पर बढ़ा फोकसIndia-EU trade deal: सीमित समझौते से नहीं मिल सकता पूरा लाभ

TATA Group की कंपनी का बड़ा दांव: राइट्स इश्यू के जरिए ₹2,500 करोड़ जुटाने की तैयारी, कारोबार को और बढ़ाने की कोशिश

कंपनी ने अपने दस्तावेज में बताया कि यह राइट्स इश्यू 163.1 रुपये प्रति शेयर के हिसाब से लाया गया है, जिसमें 158.10 रुपये का प्रीमियम भी शामिल है।

Last Updated- March 31, 2025 | 7:55 PM IST
TATA
प्रतीकात्मक तस्वीर

टाटा ग्रुप की एक जानी-पहचानी निर्माण कंपनी टाटा प्रोजेक्ट्स अब अपने कारोबार को और बड़ा करने की तैयारी में है। इसके लिए कंपनी 2,500 करोड़ रुपये राइट्स इश्यू के जरिए जुटा रही है। कंपनी की कुल कीमत यानी वैल्यूएशन 6,700 करोड़ रुपये आंकी गई है। कंपनी ने अपने दस्तावेज में बताया कि यह राइट्स इश्यू 163.1 रुपये प्रति शेयर के हिसाब से लाया गया है, जिसमें 158.10 रुपये का प्रीमियम भी शामिल है। इसमें टाटा संस, टाटा पावर और टाटा केमिकल्स जैसे बड़े शेयरधारक हिस्सा ले रहे हैं।

इस राशि का कुछ हिस्सा यानी 97.86 रुपये प्रति शेयर अभी आवेदन के वक्त लिया गया है। बाकी पैसा बाद में बोर्ड की मंजूरी से एक साल के भीतर चुकाना होगा। टाटा संस इसमें 1,433 करोड़ रुपये का भारी-भरकम निवेश कर रहा है, तो टाटा पावर भी 770 करोड़ रुपये लगा रहा है। यह पैसा कंपनी के विस्तार में मदद करेगा।

कंपनी का ऑर्डर बुक 40,700 करोड़ रुपये का

रेटिंग कंपनी क्रिसिल ने बताया कि टाटा प्रोजेक्ट्स का ऑर्डर बुक दिसंबर 2024 तक 40,700 करोड़ रुपये का है। यह ऑर्डर कई क्षेत्रों में फैले हैं। खास तौर पर शहरी बुनियादी ढांचे के ऑर्डर बढ़ रहे हैं, जिससे अगले तीन-चार साल तक कंपनी की आय मजबूत रहने की उम्मीद है। कंपनी ने फ्रेट कॉरिडोर, मेट्रो और भारी सिविल प्रोजेक्ट्स जैसे बड़े काम पार्टनर्स के साथ मिलकर पूरे किए हैं। इससे नए क्षेत्रों में उसकी क्षमता बढ़ी है।

पिछले दो-तीन सालों में टाटा प्रोजेक्ट्स ने अपने दम पर कई प्रोजेक्ट्स हासिल किए। रिफाइनरी, औद्योगिक और पावर जैसे क्षेत्रों में बड़े ऑर्डर मिले हैं। क्रिसिल का कहना है कि टाटा ग्रुप और निजी कंपनियों से मिले प्रोजेक्ट्स और ज्यादा मुनाफे वाले कामों पर फोकस से कंपनी का लाभ मध्यम अवधि में बढ़ेगा। यह राइट्स इश्यू कंपनी को और मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाएगा। टाटा प्रोजेक्ट्स अब अपने विस्तार की राह पर तेजी से आगे बढ़ रही है।

First Published - March 31, 2025 | 7:55 PM IST

संबंधित पोस्ट