facebookmetapixel
Zerodha के इस म्युचुअल फंड से अब मिनटों में निकाल सकेंगे पैसा, शुरू हुई 24×7 इंस्टेंट विदड्रॉल सुविधाअदाणी स्टॉक्स में बड़ी गिरावट, अमेरिका से आई खबर ने मचाई खलबली; 9% तक लुढ़केगौतम अदाणी पर अमेरिकी शिकंजा: समन न पहुंचा तो SEC ने अदालत से मांगी वैकल्पिक अनुमतिगोल्ड सिल्वर रेशियो ने दिया संकेत, क्या चांदी की तेजी अब थकने वाली है? एक्सपर्ट्स से समझिए42% चढ़ सकता है महारत्न कंपनी का शेयर, ब्रोकरेज ने बढ़ाया टारगेट; Q3 में ₹4011 करोड़ का हुआ मुनाफाईरान की ओर बढ़ रहा है ‘विशाल सैन्य बेड़ा’, ट्रंप ने तेहरान को फिर दी चेतावनीदुनिया में उथल-पुथल के बीच भारत की अर्थव्यवस्था के क्या हाल हैं? रिपोर्ट में बड़ा संकेत30% टूट चुका Realty Stock बदलेगा करवट, 8 ब्रोकरेज का दावा – ₹1,000 के जाएगा पार; कर्ज फ्री हुई कंपनीसिर्फ शेयरों में पैसा लगाया? HDFC MF की रिपोर्ट दे रही है चेतावनीIndia manufacturing PMI: जनवरी में आर्थिक गतिविधियों में सुधार, निर्माण और सर्विस दोनों सेक्टर मजबूत

Mother Dairy का बड़ा निवेश: ₹600 करोड़ की लागत से गुजरात और आंध्र प्रदेश में खुलेंगे नए फूड प्रोसेसिंग प्लांट

दिल्ली-एनसीआर के मिल्क मार्केट बड़ी मौजूदगी रखने वाली कंपनी मदर डेयरी गुजरात के बड़ौदा के पास इटोला में एक संयंत्र पर 400 करोड़ रुपये से अधिक खर्च करेगी।

Last Updated- March 30, 2025 | 8:51 PM IST
Mother Dairy
फोटो क्रेडिट: Mother Dairy

Mother Dairy: मदर डेयरी ने गुजरात और आंध्र प्रदेश में दो नए फल और सब्जी प्रोसेसिंग प्लांट स्थापित करने के लिए लगभग 600 करोड़ रुपये का निवेश करने की योजना बनाई है। कंपनी के एक शीर्ष अधिकारी ने यह जानकारी दी। दिल्ली-एनसीआर के मिल्क मार्केट बड़ी मौजूदगी रखने वाली कंपनी मदर डेयरी गुजरात के बड़ौदा के पास इटोला में एक संयंत्र पर 400 करोड़ रुपये से अधिक खर्च करेगी। इस निर्माण दो साल के भीतर पूरा होने की उम्मीद है।

मदर डेयरी के प्रबंध निदेशक मनीष बंदलिश ने न्यूज एजेंसी पीटीआई को बताया,  “बोर्ड ने पहले ही मंजूरी दे दी है। इटोला संयंत्र को स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू होगी और अगले दो साल में पूरी हो जाएगी।” बंदलिश ने कहा कि दूसरा संयंत्र आंध्र प्रदेश के कुप्पम (Kuppam) में बनेगा, जिसमें 150-200 करोड़ रुपये का निवेश होगा।

उन्होंने कहा, “हमें अभी सरकार से जमीन मिलनी बाकी है। इसके बाद हम निवेश पर काम शुरू करेंगे। डीपीआर अभी तैयार नहीं हुआ है।”

झारखंड, कर्नाटक और दिल्ली में पहले से मौजूद

अभी मदर डेयरी के सफल (Safal) ब्रांड के पास रांची (झारखंड), बेंगलुरु (कर्नाटक), और मंगोलपुरी (दिल्ली) में तीन फल और सब्जी प्रोसेसिंग प्लांटहैं, जो हर साल दो लाख टन उत्पाद का प्रसंस्करण करते हैं। बंदलिश ने यह भी बताया कि नागपुर में दूध और डेयरी उत्पादों के प्रसंस्करण के लिए 500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश के साथ एक नए संयंत्र का निर्माण चल रहा है, जिसके 2026 तक शुरू होने की उम्मीद है।

हाल ही में दिल्ली-एनसीआर बाजार के लिए लॉन्च किए गए इडली-डोसा बैटर के बारे में उन्होंने कहा, “उपभोक्ताओं ने इसे बहुत अच्छी तरह से स्वीकार किया है। हम पहले ही एक टन प्रति दिन की बिक्री कर चुके हैं।” उन्होंने कहा कि फिलहाल यह केवल सफल बूथों (Safal booths) पर उपलब्ध है, कंपनी अप्रैल में यह फैसला करेगी कि इसे पूरी तरह से लॉन्च करना है या नहीं, जिसके लिए 5-10 करोड़ रुपये के निवेश की जरूरत होगी।

नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड की सहायक कंपनी मदर डेयरी को 2024-25 वित्तीय वर्ष में लगभग 17,500 करोड़ रुपये का टर्नओवर होने की उम्मीद है, जो पिछले साल के 15,000 करोड़ रुपये से 15-16 प्रतिशत अधिक है।

First Published - March 30, 2025 | 8:46 PM IST

संबंधित पोस्ट