facebookmetapixel
दिसंबर में बुनियादी उद्योगों की वृद्धि दर 4 महीने की ऊंचाई पर, महंगाई भी बढ़ीBudget 2026: बीमा उद्योग ने कर लाभ और प्रीमियम सीमा बढ़ाने की मांग की, सुरक्षा और स्वास्थ्य पॉलिसियों पर फोकसभारत में बागवानी फसलें अनाज को पछाड़ रही, फल व सब्जियों की खेती में तेजीअमेरिकी सीनेटर ने व्यापार वार्ता में तेजी लाने का आह्वान किया और दाल आयात पर जोर दियाभारत है निवेश के लिए अमेरिका के बाद सबसे पसंदीदा ठिकाना, विदेशी और घरेलू CEO आर्थिक वृद्धि में आशावादीफिक्की का तिमाही विनिर्माण सूचकांक उच्चतम स्तर पर, 91% फर्मों ने उत्पादन वृद्धि या स्थिरता की उम्मीद जताईसेंट्रल रजिस्ट्री पर केंद्र को मिलेगा नियंत्रण! सरफेसी ऐक्ट 2002 में संशोधनों पर विचार कर रही सरकारभारत में निवेश का भरोसा बढ़ा, महाराष्ट्र और आंध्र में बड़ी कंपनियों ने किए करोड़ों के समझौतेभारत-ईयू अगले सप्ताह ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते की घोषणा के करीब: उर्सुलाराजमार्ग भूमि मुआवजे में कमियां, NH अधिनियम ढांचे पर फिर से विचार करे केंद्र सरकार

Mahindra & Mahindra एसएमएल इसुजू में हिस्सेदारी खरीदने की योजना में

महिंद्रा के वाणिज्यिक वाहन कारोबार में स्कूल बसों जैसी गाड़ियों की शामिल होने की संभावना, एसएमएल इसुजू में सुमितोमो का हिस्सा बिक्री के लिए तैयार

Last Updated- March 24, 2025 | 10:27 PM IST

महिंद्रा ऐंड महिंद्रा (एमऐंडएम) वाणिज्यिक वाहन निर्माता एसएमएल इसुजू में प्रवर्तक हिस्सेदारी खरीदने के लिए बातचीत कर रही है। मामले से वाकिफ सूत्रों ने यह जानकारी दी। इस सौदे से एमऐंडएम के वाणिज्यिक वाहन पोर्टफोलियो में स्कूल बस जैसी गाड़ियां जुड़ जाएंगी।

शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक दिसंबर 2024 तक प्रवर्तक सुमितोमो कॉरपोरेशन के पास एसएमएल इसुजू में 43.96 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। एसयूवी और पिकअप ट्रक निर्माता इसुजू मोटर्स (जापान) की एसएमएल इसुजू में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) के रूप में 15 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

बीएसई पर एसएमएल इसुजू का बाजार पूंजीकरण मार्च 2024 तक लगभग 2500 करोड़ रुपये था और मौजूदा कीमतों पर 44 प्रतिशत हिस्सेदारी का मूल्य लगभग 1100 करोड़ रुपये होगा। हालांकि रिपोर्ट के अनुसार एमऐंडएम लगभग 1400-1500 रुपये प्रति शेयर की कीमत पर विचार कर रही है और कंपनी का मूल्य लगभग 2,000 करोड़ रुपये आंका जा रहा है।

बैंकरों का मानना है कि भारत के वाणिज्यिक वाहन बाजार में कम बाजार हिस्सेदारी के कारण एसएमएल इसुजू को बाजार मूल्यांकन पर प्रीमियम मिलने की संभावना नहीं है। वित्त वर्ष 2024-25 में एसएमएल इसुजू की बिक्री स्थिर रही और अप्रैल से फरवरी की अवधि में कुल बिक्री में 0.2 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई। पिछले महीने कुल 11906 गाड़ियों की बिक्री हुई। हालांकि, पिछले महीने कंपनी ने मजबूत दोहरे अंकों की वृद्धि देखी। यात्री वाहनों (बसों) में 35.8 प्रतिशत और मालवाही वाहनों में 15.3 प्रतिशत की वृद्धि हुई। सूत्रों के अनुसार एमऐंडएम इस महीने इस मामले पर चर्चा के लिए बोर्ड की बैठक कर सकती है। कंपनी के प्रवक्ता ने कहा, ‘हम बाजार की अटकलों पर टिप्पणी नहीं करते हैं।’ एसएमएल इसुजू को भेजे गए ईमेल का भी जवाब नहीं मिला।

इस करार से महिंद्रा के वाणिज्यिक वाहन कारोबार की वाहन रेंज में वृद्धि हो सकती है। महिंद्रा ट्रक और बस डिविजन भारी वाणिज्यिक वाहन श्रेणी में ढुलाई, टिपर, ट्रैक्टर-ट्रेलर के अलावा हल्के वाणिज्यिक वाहन और बसें भी उपलब्ध कराती है। वाणिज्यिक वाहन पुणे के पास चाकण संयंत्र में बनाए जाते हैं। बसों की पूरी श्रृंखला और कुछ एलसीवी ट्रक भी जहीराबाद (तेलंगाना) संयंत्र में तैयार किए जाते हैं। फरवरी तक (फाडा डेटा के मुताबिक) एमऐंडएम की वाणिज्यिक वाहन खंड में 23.5 प्रतिशत खुदरा बाजार हिस्सेदारी है जिसमें मुख्य रूप से उसके एलसीवी पोर्टफोलियो का योगदान है। एसएमएल इसुजू के पास कई स्कूल बस मॉडल हैं जिनमें एस7 स्कूल बस, एक्जिक्यूटिव, हिरोई, एसएमएल और इकोमैक्स स्कूल बस शामिल हैं।

सुमितोमो कॉर्पोरेशन कुछ समय से एसएमएल इसुजू से बाहर निकलने की कोशिश कर रही है। वर्ष 2023 में कम लाभ वाले कारोबार से बाहर निकलने की अपनी व्यापक रणनीति के हिस्से के रूप में सुमितोमो के हिस्सेदारी बेचने की बातचीत चल रही थी। इसके लिए जेबीएम ऑटो के साथ भी बात चली थी।

कंपनी को पहले स्वराज माजदा के नाम से जाना जाता था और उसने 7 फीसदी की बढ़त के साथ 31 दिसंबर 2024 को खत्म हुए 9 महीने के दौरान 1627 करोड़ रुपये की बिक्री दर्ज की जबकि उसके मुनाफे में 23 फीसदी की बढ़ोतरी हुई और यह 68 करोड़ रुपये हो गया।

First Published - March 24, 2025 | 10:27 PM IST

संबंधित पोस्ट