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आईआईएम से दूर हैं आईटी कंपनियां

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Last Updated- December 09, 2022 | 11:06 PM IST

पूरे देश के बिजनेस स्कूलों में लैटरल प्लेसमेंट की प्रक्रिया शुरू हो गई है। लेकिन इस बार कमोबेश सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) कंपनियां परिसरों से दूरी बनाए हुए हैं।


केजे सोमैया इंस्टीटयूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज के प्लेसमेंट समन्वयक एनडी शर्मा कहते हैं, ‘इस साल प्लेसमेंट पिछले साल की तरह आसान नहीं है। पिछले सप्ताह शुरू हुए लैटरल प्लेसमेंट की गति धीमी बनी हुई है।

जहां अन्य क्षेत्रों की कंपनियां प्लेसमेंट में बढ़-चढ़कर शिरकत कर रही है वहीं आईटी क्षेत्र की कंपनियों की गैर-मौजूदगी संस्थानों को काफी खल रही है।’ उन्होंने कहा कि उनके संस्थान में 300 छात्रों के बैच से 130 छात्र प्लेसमेंट के लिए योग्य पाए गए, लेकिन इनमें से महज 95 छात्रों को ही चुना गया है।

शर्मा ने कहा, ‘पिछले साल टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) ने लैटरल प्लेसमेंट के दौरान लगभग 10 छात्रों की भर्ती की थी। इस साल इस कंपनी ने सिर्फ एक छात्र की ही भर्ती की है। इन्फोसिस ने भी कैम्पस का दौरा नहीं किया है।’

भारतीय प्रबंधन संस्थान-बेंगलुरु (आईआईएम-बी) के अध्यक्ष (प्लेसमेंट) सौरव मुखर्जी ने कहा कि लागत में कटौती के उपायों के तहत आईटी कंपनियां भर्ती के मामले में फूंक-फूंक कर कदम उठा रही हैं।

उन्होंने कहा, ‘कुछ आईटी कंपनियां लैटरल प्लेसमेंट के दौरान हमारे कैम्पस का दौरा तो कर रही हैं, लेकिन औसतन 10 छात्रों की भर्ती के बजाय इस साल ये कंपनियां सिर्फ 6-7 छात्रों की ही भर्ती कर रही हैं।’

आईआईएम-अहमदाबाद में लैटरल प्लेसमेंट के लिए अनुमानित रूप से 120 छात्र योग्य पाए गए हैं। पिछले साल कंसल्टिंग, निजी इक्विटी, रियल एस्टेट, फाइनैंस, सूचना प्रौद्योगिकी, सामान्य प्रबंधन और विपणन क्षेत्र की लगभग 37 कंपनियों ने आईआईएम-ए के 112 छात्रों में से 103 को ऑफर दिए थे।

हालांकि यह संस्थान इस साल अंतरराष्ट्रीय बैंकों और कंसल्टेंसी फर्मों जैसे अनुदार क्षेत्रों से परहेज कर नए क्षेत्रों की तरफ ध्यान केंद्रित कर रहा है।

आईआईएम-ए में प्लेसमेंट समन्वयक मिहिर लाल ने कहा, ‘हम कैम्पस में कई नई कंपनियों को आमंत्रित कर रहे हैं। हालांकि कंसल्टिंग फर्म जैसी कंपनियां लंबे समय से भर्ती में हमारी साझेदार रही हैं, लेकिन हम अपने छात्रों के लिए नए क्षेत्र और नई कंपनियों की तलाश कर रहे हैं।’

इंस्टीटयूट ऑफ चार्टर्ड फाइनैंशियल एनालिस्ट्स ऑफ इंडिया (आईसीएफएआई) यूनिवर्सिटी, अहमदाबाद में 33 भर्ती कंपनियों की ओर से 250 छात्रों के लिए लगभग 120 ऑफर मिले हैं।

आईसीएफएआई के एक प्रवक्ता ने कहा, ‘अगले कुछ महीनों के दौरान अन्य 35-40 भर्ती कंपनियों के यहां आने की संभावना है। पिछले दो वर्षों में आईटी कंपनियों ने अपनी दिलचस्पी कम की है।

इस साल भी यह चलन जारी है। बैंकिंग एक प्रमुख क्षेत्र के रूप में उभरा है। जिन अन्य क्षेत्रों की कंपनियों ने यहां आने का आश्वासन दिया है, उनमें बीमा, मीडिया, एफएमसीजी, दवा निर्माण क्षेत्र शामिल हैं।’

उन्होंने कहा, ‘पोस्ट-रिक्रूटमेंट ट्रेनिंग अब ज्यादा महत्त्वपूर्ण होती जा रही है। पिछले साल के विपरीत इस बार भर्ती करने वाली कंपनियां चयन में बहुत सूक्ष्म रवैया अपना रही हैं।’

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First Published - January 25, 2009 | 10:52 PM IST

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