facebookmetapixel
Stocks to Watch today: टाइटन, जुबिलेंट फूडवर्क्स, गोदरेज कंज्यूमर, अदाणी एंटरप्राइजेज समेत कई शेयर फोकस मेंStock Market today: एशियाई बाजारों से मिलेजुले संकेत, गिफ्ट निफ्टी डाउन; आज कैसी रहेगी बाजार की चाल ?वेनेजुएला देगा अमेरिका को 5 करोड़ बैरल तक तेल, ट्रंप बोले- बिक्री का पैसा मेरे नियंत्रण में रहेगाAI में आत्मनिर्भरता की जरूरत, भारत को सभी स्तरों पर निवेश करना होगा: अभिषेक सिंहAI में 33% बढ़ी नौकरियां, सरकार हर स्तर पर कर रही काम; 10 लाख युवाओं को मिलेगी ट्रेनिंग: वैष्णवडिकंट्रोल से लाभ: प्रतिबंध हटाने से देश को मिलेंगे बड़े फायदेEditorial: प्रगति प्लेटफॉर्म से इंफ्रास्ट्रक्चर को रफ्तार, रुकी परियोजनाओं को मिली गतिवेनेजुएला संकट का भारतीय IT कंपनियों पर कोई खास असर नहीं पड़ेगा, कारोबार रहेगा स्थिरउत्तर प्रदेश की मतदाता सूची में बड़ी छंटनी, SIR में करीब तीन करोड़ लोगों के नाम कटेबांग्लादेश में छात्र नेता की हत्या पर उबाल, भारतीयों के ‘वर्क परमिट’ रद्द करने की मांग

Elon Musk की Starlink को टेलीकॉम मंत्रालय से मिला लाइसेंस, भारत में जल्द शुरू होंगी सैटेलाइट इंटरनेट सेवाएं

स्टारलिंक 2022 से भारत में कमर्शियल ऑपरेशन शुरू करने के लिए लाइसेंस का इंतजार कर रही थी, लेकिन इसमें देरी हुई, जिसमें राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चिंताएं भी शामिल रहीं।

Last Updated- June 06, 2025 | 4:20 PM IST
Starlink

एलन मस्क (Elon Musk) की सैटेलाइट इंटरनेट कंपनी स्टारलिंक (Starlink) ने एक बड़ी बाधा को पार करते हुए भारत में अपनी इंटरनेट सेवाएं शुरू करने के लिए जरूरी लाइसेंस हासिल कर लिया है। समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने शुक्रवार को सूत्रों के हवाले से यह जानकारी दी। रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय टेलीकॉम मंत्रालय ने स्टारलिंक को लाइसेंस दे दिया है। इससे कंपनी को भारत में कमर्शियल सेवाएं शुरू करने का रास्ता साफ हो गया है।

लाइसेंस पाने वाली स्टारलिंक तीसरी कंपनी

इसी के साथ, स्टारलिंक अब देश में सैटेलाइट इंटरनेट सेवा के लिए लाइसेंस पाने वाली तीसरी कंपनी बन गई है। इससे पहले टेलीकॉम मंत्रालय (DoT) ने यूटेलसैट की वनवेब (Eutelsat’s OneWeb) और रिलायंस जियो को भी इसी तरह की मंजूरी दी थी।

स्टारलिंक और टेलीकॉम मंत्रालय ने इस पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं दी है।

Also read: RBI MPC: CRR में 1% की कटौती से बैंकिंग सिस्टम को मिलेगी ₹2.5 लाख करोड़ की अतिरिक्त लिक्विडिटी, बढ़ेगी कर्ज देने की क्षमता

कमर्शियल सेवाएं शुरू करने का रास्ता साफ

स्टारलिंक 2022 से भारत में कमर्शियल ऑपरेशन शुरू करने के लिए लाइसेंस का इंतजार कर रही थी, लेकिन इसमें देरी हुई, जिसमें राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चिंताएं भी शामिल रहीं। वहीं, अमेजन की सैटेलाइट यूनिट क्यूपर (Kuiper) को अब भी भारत में लाइसेंस का इंतजार है।

पिछले कुछ महीनों में एलन मस्क की कंपनी स्टारलिंक और अरबपति मुकेश अंबानी की कंपनी जियो के बीच यह बहस भी हुई है कि भारत में सैटेलाइट सेवाओं के लिए स्पेक्ट्रम कैसे आवंटित किया जाए। इस मामले में भारत सरकार ने मस्क का समर्थन करते हुए कहा है कि स्पेक्ट्रम की नीलामी नहीं, बल्कि आवंटन किया जाना चाहिए।

(एजेंसी के इनपुट के साथ)

First Published - June 6, 2025 | 4:20 PM IST

संबंधित पोस्ट