टीम के शीर्ष क्रम के अन्य बल्लेबाज जब नाकाम रहे तब पुजारा ने एक छोर संभाले रखा और इस युवा बल्लेबाज को अश्विन के रूप में उम्दा जोड़ीदार मिला जो अब भी नाबाद 60 रन बनाकर उनका साथ निभा रहा है।
अश्विन उस समय पुजारा का साथ देने उतरे जब भारत छह विकेट गंवा जुका था। दोनों सातवें विकेट के लिए अब तक 97 रन की अटूट साझेदारी कर चुके हैं।
अश्विन ने पुजारा की तकनीकी दक्षता और उनकी नियंत्रित पारी की तारीक की।
इस आफ स्पिनर ने कहा, मुझे लगता है कि यह शानदार पारी थी। उसने अपने डिफेंस पर विश्वास किया और जितनी गेंदों को डिफेंड किया वह बेहतरीन था। पारी के आगे बढ़ने के बाद वह स्वच्छंद होकर खेलने लगा और उसका रक्षात्मक खेल शानदार था। मुझे लगता है कि यह शानदार पारी थी और अगर वह शतक नहीं बना पाता तो यह शर्मनाक होता।
पहले टेस्ट में पहली पारी में नाबाद 206 और दूसरी पारी में नाबाद 41 रन की पारी खेलने वाले पुजारा आज पहले दिन का खेल खत्म होेेने के बाद 114 रन बनाकर क्रीज पर डटे हुए हैं।