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Pension fund को सॉवरिन ग्रीन बॉन्ड में निवेश की मिलेगी अनुमति

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नियामक ने वित्त वर्ष 23 में एपीवाई योजना के तहत 130 लाख नए सबस्क्राइबर जोड़ने का लक्ष्य रखा है, जबकि वित्त वर्ष 23 में 120 लाख जोड़े गए थे।

Last Updated- July 18, 2023 | 10:51 PM IST
green bond

पेंशन फंड नियामक और विकास प्राधिकरण (PFRDA) के चेयरमैन दीपक मोहंती ने मंगलवार को कहा कि नियामक पेंशन फंड को सॉवरिन ग्रीन बॉन्ड (Green Bond) जारी होने पर उसमें निवेश की अनुमति देगा। उम्मीद की जा रही है कि बाजार उधारी योजना के तहत चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में सरकार सॉवरिन ग्रीन बॉन्ड जारी करेगी।

इस समय 10 पेंशन फंड प्रबंधक हैं, जो राष्ट्रीय पेंशन व्यवस्था के तहत फंड का प्रबंधन कर रहे हैं। पिछले वित्त वर्ष में सरकार ने सॉवरिन ग्रीन बांड जारी कर 16,000 करोड़ रुपये जुटाए थे, जिसका मकसद कार्बन उत्सर्जन घटाने के लिए सार्वजनिक क्षेत्र की परियोजनाओं का वित्तपोषण था।

मोहंती ने कहा कि इस समय पीएफआरडीए की प्रबंधन के तहत संपत्ति (एयूएम) 9.8 लाख करोड़ रुपये है और हमें भरोसा है कि वित्त वर्ष 24 के अंत तक यह 11 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा हो जाएगा।

एपीआई सैचुरेशन ड्राइव के बारे में मोहंती ने कहा कि 29 लाख नए सबस्क्राइबर इस योजना के तहत चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में जुड़े हैं, जबकि वित्त वर्ष 23 की पहली तिमाही में 27 लाख जुड़े थे।

नियामक ने वित्त वर्ष 23 में एपीवाई योजना के तहत 130 लाख नए सबस्क्राइबर जोड़ने का लक्ष्य रखा है, जबकि वित्त वर्ष 23 में 120 लाख जोड़े गए थे। एपीवाई भारत सरकार की गारंटीयुक्त पेंशन योजना है, जिसमें खुद और परिजनों को 1,000 से 5,000 रुपये के बीच मासिक पेंशन मिलती है और जीवित नामित व्यक्ति को एकमुश्त राशि मिलती है।

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First Published - July 18, 2023 | 10:51 PM IST

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