दिसंबर 2025 में घरेलू बाजार में यात्री वाहनों की थोक बिक्री 25.8 फीसदी बढ़कर 4.05 लाख इकाई तक पहुंच गई। माल एवं सेवा कर (जीएसटी) दर में कटौती, लगातार मांग और जनवरी से वाहनों के दाम बढ़ने से पहले लोगों ने जमकर वाहन खरीदे। पूरे साल में यात्री वाहनों की थोक बिक्री 45.5 लाख कारों की रही जो पिछले साल की तुलना में 5.7 फीसदी अधिक है।
मारुति सुजूकी के वरिष्ठ कार्याधिकारी (मार्केटिंग एवं सेल्स) पार्थ बनर्जी ने कहा कि साल की पहली छमाही में वाहनों की मांग नरम रही मगर जीएसटी कटौती के बाद इसमें तेजी आई। हालांकि, पूरे साल की वृद्धि दिसंबर की बढ़त से कम ही रही। दिसंबर में मारुति की बिक्री 37.3 फीसदी बढ़ी और कंपनी 1,78,646 कारें बेचने में सफल रही। ऑल्टो और एस-प्रेसो जैसी छोटी कारों की बिक्री करीब दोगुनी होकर 14,225 वाहन पहुंच गई।
सितंबर में मारुति ने रणनीतिक पहल की थी, जिसके तहत छोटी कारों के सेगमेंट में बिक्री बढ़ाने के लिए जीएसटी कटौती से कहीं ज्यादा कीमत में कटौती की गई थी। यह योजना 31 दिसंबर तक लागू थी और अब इसकी समीक्षा की जा रही है। बनर्जी ने कहा कि कंपनी इसका मूल्यांकन कर रही है कि आने वाले हफ्तों में इस पहल को बढ़ाया जाए या नहीं क्योंकि मांग मजबूत बनी हुई है।
उन्होंने कहा, ‘मिनी सेगमेंट में हमारे पास लगभग डेढ़ महीने की आपूर्ति लायक बुकिंग हैं। ग्राहक पुरानी कीमतों पर गाड़ियां खरीदना चाहते हैं। हम जल्द ही तय करेंगे कि जीएसटी कटौती के बराबर कीमत पर वापस जाना है या रणनीतिक कीमत जारी रखनी है।’
मारुति मिनी सेगमेंट के कारों की बढ़ी मांग को पूरा करने के लिए अपनी उत्पादन लाइन को भी बढ़ा रही है। बनर्जी ने बताया, ‘हर ग्राहक हमारे लिए जरूरी है। उत्पादन में दिक्कतें हैं और हम उन्हें सही करने की कोशिश कर रहे हैं।’
हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि साल 2025 में उद्योग की कुल थोक बिक्री में एसयूवी की हिस्सेदारी लगातार बढ़ रही है और यह 2024 के 53.8 फीसदी से बढ़कर 2025 में 55.8 फीसदी हो गई है। मारुति ने 2025 में 3,95,000 कारों का निर्यात किया जो इससे पिछले साल की तुलना में 21 फीसदी अधिक है।
महिंद्रा ऐंड महिंद्रा ने दिसंबर में 50,946 कारें बेचीं, जो पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 23 फीसदी अधिक है। बिक्री के लिहाज से यह देश की दूसरी बड़ी वाहन कंपनी बन गई है।
टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स घरेलू बिक्री में तीसरे स्थान पर रही और दिसंबर में इसने 50,046 कारें बेचीं। टाटा मोटर्स के एमडी और सीईओ शैलेश चंद्रा ने कहा कि साल 2025 में यात्री वाहन उद्योग में अच्छी वृद्धि देखी गई, जिसमें एसयूवी का अहम योगदान रहा। उन्होंने कहा, ‘दिसंबर एक और शानदार महीना रहा क्योंकि हमने अपनी वृद्धि जारी रखी। बिक्री बढ़ने से डीलरों के पास अनबिके वाहनों का स्टॉक घटकर 18 दिन रह गया है।’ चंद्रा ने कहा, ‘आगे भी यात्री वाहन उद्योग में वृद्धि बरकरार रहने का भरोसा है। टाटा मोटर्स अपनी वृद्धि रफ्तार को तेज करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।’