Advertisement
GAIL, IGL या MGL: भारी गिरावट के बाद किस शेयर में निवेश करना सबसे फायदेमंद?हवाई सफर होगा महंगा! रिफाइनरी मार्जिन बढ़ने से आसमान पर पहुंची ATF की कीमतें, बढ़ा फ्यूल सरचार्जबाजार में हाहाकार: तेल की कीमतों में उबाल से सेंसेक्स 1,471 अंक टूटा, निवेशकों के ₹10 लाख करोड़ डूबेऑटो सेक्टर में बंपर उछाल: फरवरी में टूटे बिक्री के सारे रिकॉर्ड, यात्री वाहनों में 10.6% की ग्रोथREIT बाजार का कमाल: 6 साल में 6 गुना बढ़ा निवेश, निवेशकों को मिला 20% से ज्यादा का शानदार रिटर्नपूर्वोत्तर में एमेजॉन की ‘हवाई’ रफ्तार: गुवाहाटी के लिए शुरू हुई एमेजॉन एयर, 5 गुना तेज होगी डिलीवरीAdobe से शांतनु नारायण की विदाई: 18 साल में 1 अरब से 25 अरब डॉलर तक पहुंचाया कंपनी का टर्नओवरआर्थिक झटकों से बचाएगा 1 लाख करोड़ का सुरक्षा कवच? वित्त मंत्री ने बताया क्या है ‘स्थिरीकरण कोष’100 डॉलर पहुंचा कच्चा तेल तो झुका अमेरिका! कई देशों को रूस से तेल खरीदने के लिए दी मोहलतअमेरिका की भारत पर टेढ़ी नजर: बंधुआ मजदूरी से तैयार माल के निर्यात की होगी कड़ी जांच
अन्य समाचार बायोगैस एसोसिएशन ने सरकार से ‘बायोगैस उर्वरक कोष’ बनाने का आग्रह किया
'

बायोगैस एसोसिएशन ने सरकार से ‘बायोगैस उर्वरक कोष’ बनाने का आग्रह किया

PTI

- January,27 2022 4:33 AM IST

26 जनवरी (भाषा) इंडियन बायोगैस एसोसिशन (आईबीए) ने सरकार से पांच साल के लिए 1.4 लाख करोड़ रुपये के आरंभिक प्रावधान के साथ ‘बायोगैस उर्वरक कोष’ स्थापित करने का अनुरोध किया है। संगठन ने कहा है कि इससे पांच करोड़ किसानों को लाभ पहुंचेगा तथा कच्चे तेल के आयात पर होने वाला खर्च भी कम होगा।

आईबीए ने एक बयान में कहा कि किफायती परिवहन के लिए टिकाऊ विकल्प (एसएटीएटी) योजना के तहत पांच हजार संयंत्रों के लक्ष्य को पूरा करने में इस तरह के कोष की स्थापना स्वागत योग्य कदम होगा।

संगठन के अध्यक्ष ए आर शुक्ला ने कहा, ‘‘सरकार 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के बारे में लगातार बात कर रही है। इस योजना से पांच करोड़ किसानों को फायदा पहुंचेगा। यह कोष बनने पर भारत जीवाश्म ईंधन का आयात कम कर सकेगा और किसानों को भी जैविक उर्वरक मिल सकेगा।’’

बायोगैस एसोसिशन ने शहरों में गैस वितरण नेटवर्क और प्राकृतिक गैस पाइपलाइन में बायोमीथेन (सीबीजी) के मिश्रण के लिए मात्रा को परिभाषित करने का भी सुझाव दिया है।

उसने कहा कि पहले पांच साल के लिए 5 प्रतिशत का एक अस्थायी मिश्रण कोटा तय किया जा सकता है। उसके बाद 10 साल में इसे धीरे-धीरे बढ़ाकर 10 प्रतिशत किया जा सकता है।

आईबीए ने कहा कि जीएसटी परिषद ने बायोगैस संयंत्र से संबंधित उपकरण और उनके पुर्जों पर जीएसटी की दर पांच फीसदी से बढ़ाकर 12 फीसदी करने की घोषणा की जिससे बायोगैस के उत्पादकों के लिए स्थिति चुनौतीपूर्ण हो जाएगी।

भाषा

मानसी रमणा

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement