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Adobe से शांतनु नारायण की विदाई: 18 साल में 1 अरब से 25 अरब डॉलर तक पहुंचाया कंपनी का टर्नओवर

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इन 18 वर्षों के दौरान सैन होजे में मुख्यालय वाली इस कंपनी के कर्मचारियों की संख्या भी करीब 3,000 से बढ़कर 30,000 तक पहुंच गई, जो कंपनी के तेज विस्तार को दर्शाता है

Last Updated- March 13, 2026 | 10:37 PM IST
Shantanu Narayen
Adobe के मुख्य कार्या​धिकारी (सीईओ) शांतनु नारायण

अमेरिका की प्रमुख सॉफ्टवेयर कंपनी अडोबी का दिसंबर 2007 से ही 18 साल से अधिक समय तक नेतृत्व करने वाले 62 वर्षीय शांतनु नारायण ने गुरुवार को घोषणा की कि वह कंपनी के मुख्य कार्या​धिकारी (सीईओ) पद से हट रहे हैं। उनके इस फैसले का तकनीकी क्षेत्र की अन्य कंपनियों के साथ ही शेयर बाजार में भी प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। 

अमेरिका की बड़ी तकनीकी कंपनी का नेतृत्व करने वाले सबसे प्रभावशाली भारतीय-अमेरिकी अधिकारियों में गिने जाने वाले नारायण के कार्यकाल में अडोबी ने शानदार बदलाव का दौर देखा। उनके नेतृत्व में कंपनी की आय 1 अरब डॉलर से कम के स्तर से बढ़कर लगभग 25 अरब डॉलर तक पहुंच गई। इन 18 वर्षों के दौरान सैन होजे में मुख्यालय वाली इस कंपनी के कर्मचारियों की संख्या भी करीब 3,000 से बढ़कर 30,000 तक पहुंच गई, जो कंपनी के तेज विस्तार को दर्शाता है। 

गुरुवार को उनकी इस घोषणा के बाद कंपनी के शेयर लगभग 7 प्रतिशत गिर गए। यह गिरावट ऐसे समय में नेतृत्व बदलाव को लेकर चिंता दर्शाता है जब आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) काफी तेजी से सॉफ्टवेयर उद्योग में प्रतिस्पर्धा से जुड़ी तस्वीर को बदल रहा है।  

अपने कर्मचारियों को लिखे एक आंतरिक पत्र में नारायण ने कहा कि यह कोई विदा कहने का वक्त नहीं है। उन्होंने इसे ‘विचार करने का समय’ बताया और यह भी साझा किया कि वह 100वीं बार कंपनी नतीजे पेश करने वाले थे।

शांतनु के नेतृत्व में अडोबी एक सामान्य डेस्कटॉप सॉफ्टवेयर बनाने वाली कंपनी से बदलकर क्लाउड आधारित क्रिएटिव सॉफ्टवेयर की वैश्विक ताकत बन गई। उनके इस सफर को उन भारतीय मूल के इंजीनियरों के लिए प्रेरणा देने वाली मिसाल मानी जाती है जिन्होंने आगे चलकर अमेरिका की बड़ी तकनीकी कंपनियों का नेतृत्व किया।   

नारायण को उनकी लंबी पारी के लिए सबसे पहले बधाई देने वालों में माइक्रोसॉफ्ट के चेयरमैन और सीईओ सत्य नडेला रहे। उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, ‘अडोबी में शानदार कार्यकाल के लिए बधाई शांतनु। आपने अडोबी को दुनिया की सबसे अहम सॉफ्टवेयर कंपनियों में से एक बनाया है और क्रिएटर, उद्यमियों और ब्रांड के लिए नई संभावनाओं का विस्तार किया।’

नडेला ने यह भी कहा कि नारायण ने नेतृत्वकर्ता के तौर पर हमेशा रचनात्मक प्रक्रिया के प्रति सहानुभूति और दूरदर्शिता की मिसाल पेश की है और उन्होंने अडोबी और उद्योग के लिए जो कुछ भी किया है उसके लिए सभी उनके आभारी रहेंगे। 

शांतनु नारायण का जन्म हैदराबाद में 27 मई 1963 को हुआ था। उन्होंने उस्मानिया विश्वविद्यालय से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और इसके बाद अमेरिका के ओहायो की बॉलिंग ग्रीन स्टेट यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस में स्नातकोत्तर की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद उन्होंने सिलिकन वैली में अपना करियर बनाया। नारायण वर्ष 1998 में अडोबी में वरिष्ठ उपाध्यक्ष के रूप में जुड़े और धीरे-धीरे कंपनी में ऊंचे पदों तक पहुंचे।

वर्ष 2007 में जब कंपनी के सीईओ ब्रूस चिजन ने पद छोड़ा तब उन्हें कंपनी का सीईओ बनाया गया। उन्होंने अडोबी के प्रमुख सॉफ्टवेयर, फोटोशॉप, इलस्ट्रेटर, प्रीमियर प्रो और इन डिजाइन को वास्तव में दुनिया भर के डिजाइनरों, फिल्म निर्माताओं और क्रिएटिव पेशेवरों के बीच मशहूर करने में अहम भूमिका निभाई और ये सभी सॉफ्टवेयर बेहद लोकप्रिय हुए।

कंपनी ने बताया कि नारायण अब भी बोर्ड के चेयरमैन के रूप में बने रहेंगे और नए सीईओ को अपना मार्गदर्शन देंगे। शांतनु नारायण के पद छोड़ने की घोषणा उसी दिन हुई, जिस दिन अडोबी ने अपनी तिमाही वित्तीय परिणामों की घोषणा की।

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First Published - March 13, 2026 | 10:37 PM IST

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