सत्यनारायण ने उद्योग मंडल फिक्की के एक कार्यक्रम मंे कहा, अगले 4 से 6 सप्ताह मंे हमंे दस्तावेज तैयार करना होगा, जो इस बात पर केंद्रित होगा कि प्रौद्योगिकी के जरिये कैसे देश को आगे बढ़ाया जा सकता है।
उन्हांेेने कहा कि यह एक ऐसा प्रयास है जिसमंे सरकार और उद्योग दोनांे की नजदीकी भागीदारी की जरूरत है। सत्यनारायण ने कहा कि सार्वजनिक निजी भागीदारी के तहत एक मजबूत योेजना की जरूरत है, जिससे ऐसा समग्र विकास हासिल किया जा सके जो सब तक पहुंचे।
सत्यनारायण ने कहा, इसके अलावा उद्योग को यह भी दिखाने की जरूरत है कि वह कितने नागरिकांे तक पहुंचा है। उसे ऐसा रास्ता तैयार करने की जरूरत है, जिससे नागरिकांे के जीवन मंे बदलाव लाया जा सके।
इसी तरह के विचार व्यक्त करते हुए इन्टेल दक्षिण एशिया की प्रबंध निदेशक :बिक्री एवं विपणन: देवजनी घोष ने कहा, हमारा दौर प्रौद्योगिकी तथा देश के प्रत्येक नागरिक को बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य और सेवाएं उपलब्ध कराने की क्षमता से परिभाषित होता है। संभवत: प्रौद्योगिकी इन क्षेत्रांे मंे सबसे रोमांचक भूमिका अदा कर सकती है।