सपा के प्रान्तीय प्रवक्ता राजेन्द्र चौधरी ने यहां कहा कि भाजपा के नये पीएम इन वेटिंग नरेन्द्र मोदी की विजय शंखनाद रैली पूरी तरह विफल रही है। लाखांे की भीड़ जुटाने का दावा करने वाले लोग कुछ हजार लोग ही जमा कर सके।
उन्होंने दावा किया कि दस करोड़ से भी ज्यादा रकम फूंककर किये गये इस आयोजन में किसानों, मेहनतकश लोगों, गरीबों और आम जनता का कोई अता-पता नहीं था।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा मोदी को प्रधानमंत्री बनाने के लिये चलायी जा रही मुहिम को जनसमर्थन नहीं मिल रहा है। प्रदेश में मोदी की रैलियों के नाम पर 400 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। ऐसे में पूरे देश में ऐसी रैलियों पर हजारों करोड़ खर्च होंगे। इतना धन तो बड़े कारपोरेट घराने ही दे सकते हैं। राजनीति और सत्ता पर काबिज होने का यह कारपोरेट षड्यंत्र चिंताजनक है।
चौधरी ने कहा कि कानपुर की रैली में मोदी के भाषण में कुछ भी नया नहीं था। दरअसल अब उनके पास कहने के लिये कुछ नहीं है।
इस बीच, कांग्रेस के प्रान्तीय प्रवक्ता जीशान हैदर ने मोदी की रैली को पूरी तरह विफल बताते हुए कहा कि जनता उनकी उन घिसी-पिटी बातें सुनकर तंग आ चुकी है जिनका सचाई से कोई सरोकार नहीं है।
उन्होंने कहा कि जिन मोदी को देश के अमीर लोग और कारपोरेट जगत चला रहा है वह देश में गरीबों की सरकार बनाने का दावा कैसे कर सकते हैं।