भाजपा ने मदनी के इस बयान पर कांग्रेस को निशाने पर लेते हुए कहा कि यह तथाकथित धर्मनिरपेक्ष दल सबसे साम्प्रदायिक है और लोग जान गए है कि यह जनता को बांटो और राज करो की नीति का खेल खेल रही है। उधर कांग्रेस ने कहा कि उसने मोदी का भय पैदा नहीं किया है, बल्कि यह खौफ तो पहले से ही मौजूद है।
प्रमुख मुस्लिम संगठन जमियत उलेमा ए हिन्द के महासचिव मदनी ने कहा है कि तथाकथित धर्मनिरपेक्ष दलों को नकारात्मकता की बुनियाद पर नहीं बल्कि सकारात्मकता की बुनियाद पर वोट पाने की कोशिश करनी चाहिए।
संवाददाताओं के साथ बातचीत में मदनी ने कहा, इन तथाकथित सेकुलर दलों को बताना चाहिए कि विभिन्न राज्यों में उनकी सरकारों ने क्या किया। कौन से वायदे उन्होंने पूरे किए और कौन से पूरे किए जाने बाकी हैं। उन्हें इस आधार पर वोट मांगने चाहिए न कि किसी का खौफ दिखा कर।
उन्होंने कहा, मैं यह कहना चाहता हूं कि सत्ता में रहीं सभी सेकुलर पार्टियों ने क्या किया? और भविष्य में वे जनता को न्याय, बराबरी के अवसर दिलाने के लिए क्या करेंगी? ...मैं सेकुलर दलों से कहना चाहता हूं कि वे वायदे पूरे करने और आगे क्या करना चाहते हैं उसकी बुनियाद पर वोट मांगे।
मदनी ने कहा, किसी व्यक्ति विशेष का खौफ दिखा कर नकारात्मक आधार पर हमारे वोट पाने की कोशिश नहीं करें। मुसलमान ऐसा खौफ नहीं खाएंगे।
जारी भाषा जलीस