facebookmetapixel
Advertisement
‘एक पर हमला, सब पर हमला’: पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये ने मक्का समझौते पर किए हस्ताक्षर‘NTA की लापरवाही और सुरक्षा खामियों से लीक हुआ प्रश्नपत्र’, नीट UG 2026 को लेकर CBI ने किया खुलासाविदेशी निवेश को मिलेगा सहारा, नए BIT मॉडल पर जल्द फैसला करेगी सरकार; खाका तैयारअमेरिका में जन्म से नागरिकता पाना होगा मुश्किल, ट्रंप ने जारी किए दो नए आदेशडीपफेक और AI कंटेंट पर सरकार ने बढ़ाई सख्ती, मेटा से मांगी सुधार की रिपोर्टFCRA संशोधन विधेयक पर अगले सप्ताह संसद में घमासान के आसार, सरकार ने आलोचना की खारिजRBI के नए ड्राफ्ट नियमों से NBFC पर बढ़ा दबाव, बजाज फाइनैंस समेत कई कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावटEditorial: डिजिटल पेमेंट को टिकाऊ बनाना है तो जीरो MDR पर नए सिरे से सोचना जरूरीशेयर बाजार में Authorized Persons के नियम होंगे कड़े, Brokers की Compliance जिम्मेदारी भी बढ़ेगीचार महीने की बिकवाली के बाद FPI की वापसी, भारतीय बाजार में Consumer और IT शेयरों पर फोकस

फडणवीस-राउत मुलाकात से अटकलें

Advertisement
Last Updated- December 15, 2022 | 12:25 AM IST

महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री एवं भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस और शिवसेना सांसद संजय राउत के बीच हुई मुलाकात के बाद राज्य में राजनीतिक अटकलबाजी चरम पर है। उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली तीन दलों की महाविकास अघाडी सरकार की स्थिरता को लेकर सियासी गलियारों में बढ़ती चर्चा पर विराम लगाने के लिए भाजपा और शिवसेना ने सफाई दी है। शिवसेना के साथ सत्ता में शामिल कांग्रेस और राकांपा के बीच भी सतर्कता की खिचड़ी पकने लगी है।
मुख्यमंत्री की कुर्सी पर उद्धव ठाकरे को बैठाने में सबसे अहम भूमिका निभाने वाले शिवसेना सांसद एवं प्रवक्ता संजय राउत और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के बीच शनिवार को मुंबई के एक पांच सितारा होटल में गुप्त मुलाकात हुई। दोनों नेताओं की मुलाकात के बाद महाराष्ट्र के सियासी गलियारे में कई तरह के कयास लगने शुरू हो गए हैं। इस मुलाकात पर सफाई देते हुए फडणवीस ने कहा कि संजय राउत शिवसेना के मुखपत्र सामना के लिए मेरा साक्षात्कार करना चाहते थे। इस पर चर्चा के लिए हम दोनों के बीच मुलाकात हुई थी। इस मुलाकात में कोई राजनीतिक बातचीत नहीं हुई। फडणवीस ने कहा कि भाजपा का शिवसेना से हाथ मिलाने या उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली राज्य सरकार को गिराने का कोई इरादा नहीं है, सरकार के प्रदर्शन से राज्य के लोग नाखुश हैं, यह सरकार अपने आप गिर जाएगी।
इस मुलाकात पर संजय राउत ने सफाई देते हुए कहा कि मैं कुछ मुद्दों पर चर्चा करने के लिए कल (शनिवार) देवेंद्र फडणवीस से मिला था। वह पूर्व मुख्यमंत्री हैं। इसके अलावा वह महाराष्ट्र में विपक्ष के नेता हैं और भाजपा के बिहार चुनाव प्रभारी भी हैं। उन्होंने कहा कि हमारे बीच वैचारिक मतभेद हो सकते हैं, लेकिन हम दुश्मन नहीं हैं। मुख्यमंत्री उद्धव को इस बैठक के बारे में सब कुछ पता है। संजय राउत और देवेंद्र फडणवीस की मुलाकात पर सबसे पहले महाराष्ट्र भाजपा ने सफाई दी थी। प्रवक्ता केशव उपाध्ये ने कहा कि इस मुलाकात का कोई भी राजनीतिक दृष्टिकोण नहीं था। उन्होंने ट्वीट करके कहा कि संजय राउत शिवसेना के मुखपत्र सामना के लिए देवेंद्र फडणवीस का साक्षात्कार करना चाहते थे। बस इसी को लेकर दोनों नेताओं के बीच बातचीत हुई है। उपाध्ये ने कहा कि फडणवीस ने राउत को इस बात की जानकारी दी थी कि वह जब बिहार के चुनाव प्रचार से लौट आएंगे, तब साक्षात्कार देंगे। कांग्रेस नेता संजय निरुपम ने कहा कि राउत को सुर्खियों में आने की जल्दबाजी रहती है। कांग्रेस और एनसीपी के नेताओं ने कहना है कि इस मुलाकात पर उनकी नजर है।
संसद में पारित नए कृषि कानून को महाराष्ट्र में लागू नहीं होने देगे, जबकि मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने इस पर एक शब्द नहीं बोला है। दरअसल, दोनों नेताओं के बीच शनिवार को दोपहर डेढ़ बजे से लेकर करीब साढ़े तीन घंटे तक बातचीत हुई। दोनों ने साथ-साथ खाना भी खाया। शिवसेना-भाजपा के नेताओं को इस मुलाकात के बारे में पहले से कोई जानकारी नहीं थी। महाविकास अघाड़ी सरकार बनने के बाद देवेंद्र फडणवीस और शिवसेना सांसद संजय राउत के बीच यह पहली मुलाकात है।

Advertisement
First Published - September 27, 2020 | 11:59 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement