Editorial: जियो-एनएसई के मेगा आईपीओ से बदलेगी बाजार की तस्वीर
भारतीय प्राथमिक बाजार में जल्द ही दो बड़े इश्यू आने वाले हैं। पिछले सप्ताह बाजार के दो अग्रणी समूहों ने अपने-अपने ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (वे कानूनी दस्तावेज जो कंपनियां आईपीओ लाने के पहले बाजार नियामक को सौंपती हैं) दाखिल किए। जियो प्लेटफॉर्म्स लगभग 37,700 करोड़ रुपये जुटा सकती है जबकि नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) […]
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डेटा सेंटर क्षमता बढ़ाए बिना पूरा नहीं होगा एआई का बड़ा सपना
ईरान युद्ध ने ऊर्जा आपूर्ति में अभूतपूर्व व्यवधान उत्पन्न कर दिया, और इसकी वजह से ‘अल्पकालिक बाधाएं’, ‘मार्जिन दबाव’ और ‘स्थगित पूंजीगत व्यय’ जैसे वाक्यांश बोर्डरूम में गूंजते रहे हैं। लेकिन एक उम्मीद की किरण कायम रही। वह यह कि डेटा सेंटर (डीसी) के निर्माण में पूंजीगत व्यय को टाला नहीं गया है। वित्त वर्ष […]
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सत्ता से नहीं, विचारधारा से कायम रहती है दलों की एकजुटता
व्यापक दलबदल के इस दौर में जब सभी दलबदल करने वाले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर रुख कर रहे हैं तब तीन ऐसे राजनीतिक प्रश्न उठते हैं जो आपस में संबद्ध हैं। राजनीतिक दल क्यों टूटते हैं? लोग दलबदल क्यों करते हैं? क्या विचारधारा, सिद्धांत और यहां तक कि निष्ठा की कोई अहमियत है? […]
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जातिगत समीकरणों में बदलाव! UP में फिर गरमाई ब्राह्मण पहचान की राजनीति, SP-BJP में शह-मात का खेल शुरू
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विपक्षी दलों के घेरे को मजबूती से तोड़ते हुए उन्हें कमजोर करती जा रही है। ऐसे में कई लोगों का अनुमान है कि तृणमूल कांग्रेस और उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले शिवसेना समूह के पतन के बाद, अब समाजवादी पार्टी (सपा) की बारी है। उत्तर प्रदेश में विधान सभा चुनाव अगले […]
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