facebookmetapixel
Advertisement
Stocks To Watch Today: शेयर बाजार में आज कौन मचाएगा धमाल? Adani, BPCL, मारिको, टाटा मोटर्स समेत ये स्टॉक्स रहेंगे फोकस मेंSugar Price: मॉनसून की मार से चीनी महंगी, जानें क्यों बढ़ रही हैं कीमतें और आगे क्या होगा?कच्चे तेल की कीमतें घटीं, फिर भी पेट्रोल-डीजल महंगा क्यों? हरदीप पुरी ने बताई वजहInvesco Mutual Fund ने SIF सेगमेंट में रखा कदम, लॉन्च किया समिट इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड; क्या है इसमें खास?India-EU FTA: 10-12 दिन में पूरी होगी कानूनी समीक्षा, गोयल बोले- साल के अंत तक होगी डील30 चुनिंदा मिडकैप शेयरों में निवेश का मौका, 17 जुलाई तक खुला रहेगा MOMF का नया इंडेक्स फंडMirae Asset MF ने उतारे 2 नए मिडकैप फंड, ₹5,000 से निवेश शुरू; प्राइस मोमेंटम वाले शेयरों पर फोकसविदेशी फंड्स में लौटी निवेशकों की दिलचस्पी, 40% रिटर्न और ₹7,600 करोड़ के इनफ्लो ने बदला ट्रेंडSBI Mutual Fund का IPO अगले हफ्ते आ सकता है, ₹11,400 करोड़ जुटाने की तैयारी: रिपोर्टModi-Takaichi बैठक में बड़ा फैसला! AI, ग्रीन एनर्जी और डिफेंस में भारत-जापान मिलकर करेंगे काम

निफ्टी स्मॉलकैप पर बढ़ा दबाव, 200-DMA के करीब पहुंचकर बाजार में कमजोरी के संकेत तेज

Advertisement

स्मॉलकैप सूचकांक सोमवार को एनएसई पर कारोबारी सत्र के दौरान 19,984 के निचले स्तर पर पहुंच गया, जो 15 मई, 2025 के बाद का इसका सबसे निचला स्तर है

Last Updated- December 08, 2025 | 10:01 PM IST
NSE
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले समय में स्मॉल कैप शेयरों पर दबाव बना रह सकता है। हालांकि एनएसई स्मॉल कैप सूचकांक 200-दिवसीय मूविंग एवरेज (डीएमए) को परख रहा है जो तकनीकी चार्ट पर 17,490 के स्तर पर है। स्मॉलकैप सूचकांक सोमवार को एनएसई पर कारोबारी सत्र के दौरान 19,984 के निचले स्तर पर पहुंच गया, जो 15 मई, 2025 के बाद का इसका सबसे निचला स्तर है। यह सूचकांक 17 दिसंबर, 2024 को अपने 52 सप्ताह के उच्चतम स्तर 19,598 से करीब 13 फीसदी नीचे आ चुका है। 

इक्विनॉमिक्स रिसर्च के संस्थापक और शोध प्रमुख जी चोकालिंगम का मानना ​​है कि नकदी की कमी के कारण स्मॉल-कैप शेयरों पर दबाव रह सकता है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों में सेकंडरी बाजारों खासकर स्मॉल-कैप सेगमेंट के सुस्त प्रदर्शन को देखते हुए निवेशकों ने प्राथमिक बाजारों को तरजीह दी है। 

चोकालिंगम ने कहा, इस साल बड़ी संख्या में स्मॉलकैप शेयरों में 15 से 50 फीसदी तक की गिरावट आई है। इसके अलावा, खुदरा निवेशकों के संसाधन सीमित हैं और उन्होंने 2025 में स्मॉलकैप शेयरों के कमजोर प्रदर्शन को देखते हुए इनके बजाय आईपीओ में निवेश करना पसंद किया है। जब तक प्राथमिक बाजार की रफ्कार धीमी नहीं पड़ती, स्मॉलकैप शेयरों में नरमी बनी रहेगी।

इस बीच, निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स ने अब तक निराशाजनक साल देखा है और अब इस पर दो साल की बढ़त का क्रम टूटने का खतरा मंडरा रहा है। मौजूदा स्तरों पर निफ्टी स्मॉलकैप कैलेंडर वर्ष 2025 में अब तक करीब 9 फीसदी गिर चुका है। “ 

इसके विपरीत, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का बेंचमार्क निफ्टी 50 इंडेक्स और निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 2025 का समापन बढ़त के साथ कर सकते हैं। निफ्टी में अभी तक 10 फीसदी से अधिक की वृद्धि हुई है जबकि निफ्टी मिडकैप इस दौरान करीब 4 प्रतिशत चढ़ा है।

ऐस इक्विटी के आंकड़ों से पता चलता है कि निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स ने पिछले दो कैलेंडर वर्षों में 23.9 फीसदी और 55.6 फीसदी की बढ़त हासिल की थी जबकि वर्ष 2022 में उसने 13.8 फीसदी की गिरावट दर्ज की थी।

तकनीकी चार्ट्स पर निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स अपने दीर्घकालिक 200 डीएमए के करीब दिखाई दे रहा है। सोमवार की बिकवाली के बीच, निफ्टी स्मॉलकैप सूचकांक 200-डीएमए, जो 17,491 पर है, की तुलना में 2.5 प्रतिशत या 440 अंक नीचे बंद हुआ।

कुल मिलाकर 200-डीएमए अंतर्निहित सूचकांक या शेयर के दीर्घकालिक रुझानों का पता लगाने के लिए व्यापक रूप से इस्तेमाल तकनीकी संकेतक है। सूचकांक स्तर या शेयर की कीमतें लगातार 200-डीएमए से ऊपर रहना मजबूती का संकेत देता है, जबकि दीर्घकालिक औसत से नीचे की कीमतें संभावित कमजोर रुझानकी ओर इशारा करती हैं।

विश्लेषक 200-डीएमए को प्रमुख मनोवैज्ञानिक स्तर भी मानते हैं जहां से सूचकांक या शेयर की कीमतें उछलती हैं। विश्लेषकों का मानना ​​है कि 200-डीएमए प्रमुख समर्थन के रूप में कार्य कर सकता है और एक बार टूट जाने पर यह प्रमुख प्रतिरोध बन सकता है।

अल्फानीति फिनटेक के सह-संस्थापक और निदेशक यू आर भट ने कहा कि स्मॉलकैप सेगमेंट ने 2025 में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं किया है। भट ने कहा, खुदरा निवेशक ज्यादातर स्मॉलकैप शेयरों में निवेश करते हैं, लेकिन वे आईपीओ में निवेश कर रहे हैं। आईपीओ कैलेंडर मजबूत बना हुआ है और 2025 में ज्यादातर आईपीओ के लिए आवेदन का स्तर अब तक अच्छा रहा है। निवेशक अब लार्जकैप शेयरों को तरजीह दे रहे हैं। इस लिहाज से स्मॉल-कैप शेयरों में बढ़त सीमित है।

क्या कहते हैं चार्ट?

चॉइस इक्विटी ब्रोकिंग की तकनीकी और डेरिवेटिव विश्लेषक अमृता शिंदे ने आगाह किया, तकनीकी मोर्चे पर निफ्टी स्मॉलकैप 100 सूचकांक लगातार बिकवाली के दबाव का सामना कर रहा है और दैनिक चार्ट पर उसने लगातार मंदी की सात कैंडलस्टिक्स बनाई हैं। 

अमृता शिंदे ने कहा, स्मॉलकैप सूचकांक कमजोर बना हुआ है क्योंकि वह अपने 100-दिवसीय मूविंग एवरेज और 200-दिवसीय एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज से नीचे कारोबार कर रहा है, जिससे मौजूदा मंदी की संरचना और मजबूत हो रही है। दैनिक चार्ट पर आरएसआई 33.09 पर फिसल गया है और नीचे की ओर बढ़ रहा है, जो कमजोर रफ्तार और गिरावट के बढ़ते दबाव का संकेत है।

विश्लेषक के अनुसार सूचकांक के लिए समर्थन का अहम स्तर 17,000-17,200 है। इसके टूटने पर यह 16,570 तक गिर सकता है, जो वर्तमान स्तर से करीब 3 फीसदी नीचे है। शिंदे ने कहा, ऊपर की ओर तात्कालिक प्रतिरोध स्तर 17,800 है, उसके बाद 18,000।

Advertisement
First Published - December 8, 2025 | 10:01 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement