facebookmetapixel
सेक्टोरल और थीमैटिक फंड्स किसी रोलर-कोस्टर से कम नहीं, 2026 के लिए एक्सपर्ट्स ने बताई निवेश की स्ट्रैटेजीतरुण गर्ग बने ह्युंडै मोटर इंडिया के MD & CEO, पहली बार भारतीय को मिली कमानरुपये की कमजोरी, बाजार की गिरावट का असर; 2025 में सिमटा भारत के अरबपतियों का क्लबVodafone Idea Share: 50% टूट सकता है शेयर, ब्रोकरेज ने चेताया; AGR मामले में नहीं मिली ज्यादा राहत2026 में 1,00,000 के पार जाएगा सेंसेक्स ? एक्सपर्ट्स और चार्ट ये दे रहे संकेतसिगरेट पर एडिशनल एक्साइज ड्यूटी, 10% तक टूट ITC और गोडफ्रे फिलिप्स के शेयर; 1 फरवरी से लागू होंगे नियमहोटलों को एयरलाइंस की तरह अपनाना चाहिए डायनेमिक प्राइसिंग मॉडल: दीक्षा सूरीRBI की वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट, क्रिप्टो पर सतर्कता; CBDC को बढ़ावाउभरते आर्थिक दबाव के बीच भारतीय परिवारों का ऋण बढ़ा, पांच साल के औसत से ऊपरनया साल 2026 लाया बड़े नीतिगत बदलाव, कर सुधार और नई आर्थिक व्यवस्थाएं

रेड्डी की मार से उबरा बाजार

Last Updated- December 07, 2022 | 2:05 PM IST

मंगलवार को जारी सख्त मौद्रिक नीति से भारी गिरावट के साथ बंद हुए शेयर बाजार को बुधवार को कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और अतंरराष्ट्रीय बाजारों से मिले सकारात्मक संकेतों से मजबूती मिली।


बंबई स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स भारी उछाल लेकर बंद हुआ, वहीं निफ्टी में भी बढ़त देखी गई। बाजार को बैंकिंग, रियल्टी, तकनीकी और धातु क्षेत्र के शेयरों की लिवाली से अच्छा समर्थन मिला। सेंसेक्स 495.67 अंकों की उछाल के साथ 14,287.21 के स्तर पर बंद हुआ।

First Published - July 31, 2008 | 12:13 AM IST

संबंधित पोस्ट