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हफ्ते की शख्सियत

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Last Updated- December 05, 2022 | 11:44 PM IST

दो दशक तक सैमसंग समूह का कार्यभार संभालने के बाद 21 अप्रैल 2008 को लीकुन ही ने इस दक्षिण कोरियाई कंपनी के चेयरमैन के पद से इस्तीफा दे दिया।


ली पर देश में वकीलों, राजनीतिक नेताओं और न्यायाधीशों को घूस देने का आरोप था। साथ ही उन पर यह भी आरोप लगाया गया था कि उन्होंने कर में हेराफेरी की है और कंपनी में अपने बेटे को गलत तरीके से लाभ पहुंचाने की कोशिश की है।


सैमसंग समूह के संस्थापक ली ब्युंग चुल के तीसरे बेटे ली काफी समय से इन सवालों के घेरे में थे। पहली बार 14 जनवरी 2008 को ली पर कोरियाई पुलिस ने ली के घर और दफ्तर पर छापा मारा था। उन पर इलजाम था कि उन्होंने कंपनी के पैसे का दुरुपयोग किया है। हालांकि ली शुरुआत से इस बात से इनकार करते रहे थे कि उन्होंने वित्तीय मसलों में कोई हेराफेरी की है।


4 अप्रैल को जब उनसे पूछा गया कि क्या वे कर की हेराफेरी और अपने बेटे को कंपनी में लाभ पहुंचाने में लिप्त रहे हैं तो उन्होंने साफ कहा कि उनका इसमें कोई हाथ नहीं है।इस मामले को लेकर ली को कटघरे में खड़ा किया गया और जब 11 अप्रैल को उनसे दूसरे दौर की पूछताछ पूरी की गई तो उन्होंने अपनी गलती स्वीकार कर ली। ली ने संवाददाताओं को कहा, ‘मैं इन सारी गलतियों के लिए दोषी हूं। मैं सारी नैतिक और कानूनी जिम्मेवारियां निभाउंगा।’


आखिरकार 21 अप्रैल को ली ने कंपनी के चेयरमैन के पद से इस्तीफा देते हुए यह बयान दिया, ‘मुझे इस बात का बेहद दुख है कि मेरी वजह से देश को परेशानी उठानी पड़ी है। मेरी गतिविधियों पर विशेष जांच की जा रही है। मुझे इस बात का बेहद खेद है।’


ली के साथ साथ कंपनी के कुछ दूसरे आला अधिकारी भी आने वाले दिनों में अपने पद से इस्तीफा देंगे। इनमें कंपनी के उपाध्यक्ष ली हाक सू और अध्यक्ष किम इन जू भी शामिल हैं जो जून के अंत तक अपने पइ से इस्तीफा देंगे। 9 जनवरी 1942 को जन्में ली ने टोक्यो के वासेदा विश्वविद्यालय से इकोनोमिक्स में डिग्री औश्र अमेरिका के जॉर्ज वाशिंगटन विश्वविद्यालय से एमबीए की डिग्री ली है।


करीब 3.4 अरब डॉलर की संपत्ति के मालिक ली और उसके परिवार के सदस्यों को फोर्ब्स ने दुनिया के सबसे अमीर लोगों की सूची में शुमार किया है। ली की छवि इससे पहली भी कभी निष्पक्ष नहीं रही है। 1987 में ली ने अपने पिता की मौत के बाद कंपनी के चेयरमैन का पद संभाला था।  1996 में उन्हें पूर्व अध्यक्ष चुन डू ह्वान और रोह टेई वू को घूस देने का दोषी पाया गया था। इस आरोप में उन्हें तीन साल के लिए कंपनी से निलंबित कर दिया गया था और वह दो साल की सजा भी काट चुके हैं। 

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First Published - April 25, 2008 | 10:35 PM IST

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