facebookmetapixel
Advertisement
क्रेडिट कार्ड बंद करने की सोच रहे हैं? कही जेब पर भारी न पड़ जाए ‘प्लास्टिक मनी’ से दूरी का यह फैसला!South India में मजदूरों की भारी किल्लत: कंपनियां दे रही हैं फ्री फ्लाइट और तगड़ा सैलरी हाइक!अगले हफ्ते स्टॉक स्प्लिट करने जा रही है यह कंपनी, निवेशकों को 1 के बदले मिलेंगे 2 शेयर‘अब सिर्फ ट्रायल नहीं, कंपनियों के कामकाज का मुख्य हिस्सा बना AI’, TCS चेयरमैन ने किया दावापेट्रोल-डीजल की कीमत बढ़ने से 1.2 करोड़ गिग वर्कर्स बेहाल, 5 घंटे काम बंद रखकर जताएंगे विरोधNPS सब्सक्राइबर्स को बड़ी राहत: अब गंभीर बीमारी में सरेंडर कर सकेंगे एन्युटी पॉलिसी, नियमों में हुआ बदलावExplainer: क्यों बढ़ रहा है टाटा संस पर पब्लिक होने का दबाव? अंदरूनी कलह व RBI के नियमों का पूरा सचDividend Stocks: अगले हफ्ते L&T और Havells समेत ये 18 कंपनियां करेंगी पैसों की बारिश, देखें पूरी लिस्टभारतीयों के लिए दुबई में घर खरीदना होगा आसान, रेजीडेंसी वीजा के लिए प्रॉपर्टी की न्यूनतम कीमत सीमा खत्मआसमान में भारत की ताकत बढ़ाने की जरूरत, वायुसेना ने ‘घातक’ स्टेल्थ ड्रोन कार्यक्रम को तेज करने पर दिया जोर

Marion Biotech की ‘घटिया’ दवाओं पर WHO का अलर्ट

Advertisement
Last Updated- January 12, 2023 | 11:01 PM IST
Marion Biotech

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने नोएडा की मैरियन बायोटेक के दो घटिया (दूषित) उत्पादों एम्ब्रोनोल साइरस और डीओके-1 मैक्स सिरप के खिलाफ अलर्ट जारी किया। इस क्रम में डब्ल्यूएचओ ने चिकित्सा उत्पाद चेतावनी (मेडिकल प्रोडक्ट एलर्ट) जारी की।

उज्बेकिस्तान में 18 बच्चों की मौत को मैरियन बायोटेक की खांसी की दवाई को जोड़कर देखा गया था। इस घटनाक्रम के बाद भारतीय औषधि नियंत्रक भी उज्बेकिस्तान के औषधि नियंत्रक से निरंतर संपर्क में है। इस फैक्टरी में उत्पादन बंद कर दिया गया है। उत्तर प्रदेश खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन ने कंपनी के लाइसेंस को निलंबित कर दिया है।

उज्बेकिस्तान ने इन उत्पादों को चिह्नित किया था और WHO को 22 दिसंबर, 2022 को सूचित किया था। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने बयान में बताया कि दो घटिया (दूषित) उत्पादों के खिलाफ चिकित्सा उत्पाद चेतावनी जारी की गई है।

गुणवत्ता के मानदंडों पर खरे नहीं उतरते वाले उत्पादों को ‘घटिया चिकित्सा उत्पाद’ कहा जाता है

घटिया चिकित्सा उत्पाद उन उत्पादों को कहा जाता है जो गुणवत्ता के मानदंडों या विशेष विवरण के मानकों पर खरे नहीं उतरते हैं। लिहाजा उन्हें ‘विशेष विवरण से बाहर’ करार दिया गया है। हाल के महीनों में डब्ल्यूएचओ ने दूषित या घटिया औषधि के मामले में किसी भारतीय कंपनी के खिलाफ दूसरी चिकित्सा उत्पाद चेतावनी जारी की है। डब्ल्यूएचओ ने अक्टूबर में हरियाणा की मेडेन फार्मा के खिलाफ चिकित्सा चेतावनी जारी की थी।

WHO ने कहा कि मेरियन बायोटेक ने उत्पाद की सुरक्षा व गुणवत्ता पर गारंटी मुहैया नहीं करवाई है। इस वैश्विक एजेंसी ने बताया,’स्वास्थ्य मंत्रालय और उज्बेकिस्तान गणराज्य के स्वास्थ्य मंत्रालय की गुणवत्ता नियंत्रण प्रयोगशालाओं ने इन उत्पादों के नमूने में अस्वीकार्य डायथिलीन ग्लाइकॉल और / या एथिलीन ग्लाइकॉल के मिलावट की पहचान की है।’

Advertisement
First Published - January 12, 2023 | 11:00 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement